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💢ऑफर💢विस्तारFollow Usछत्तीसगढ़ की जनजातीय पहचान, लोक संस्कृति और परंपराओं का सबसे बड़ा उत्सव 'बस्तर पंडुम' इस वर्ष 10 जनवरी 2026 से पूरे उत्साह और गरिमा के साथ प्रारंभ होने जा रहा है। यह आयोजन बस्तर अंचल की समृद्ध आदिवासी संस्कृति, रहन-सहन, लोककला, पारंपरिक खान-पान, वेशभूषा, गीत-संगीत और नृत्य परंपराओं को एक मंच पर प्रस्तुत करने का अनूठा प्रयास है।
️ईज़ी,चण्डीगढ़-हरियाणा ब्यूरोUpdated Sun, 11 Jan 2026 07:40 PM IST
Tariff Threatईरान में कितना बड़ा हुआ आंदोलन?BiharBangladeshUttarakhandUSUP CrimeReal Madridकपसाड़ कांडआज के दिन
साइन अप वेरिफाई, विस्तारFollow Usबिहार में इन दिनों सर्दी का सितम लगातार जारी है। बीते कई दिनों से पड़ रही कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। हालात को देखते हुए राज्य के लगभग सभी जिलों में जिलाधिकारियों ने स्कूलों के संचालन समय में बदलाव करने और छोटे बच्चों की कक्षाएं बंद रखने के आदेश जारी किए हैं।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भरतपुरPublished by:शबाहत हुसैनUpdated Sat, 04 Oct 2025 09:03 PM IST
सारछतरपुर के गांधी चौक स्थित रामगली बजरिया में एक युवक सराफा दुकान से 10 ग्राम की सोने की चेन चोरी कर भागा। सतर्क व्यापारियों ने 400 मीटर पीछा कर उसे पकड़ लिया। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर चेन बरामद की।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भिंडPublished by:अमर उजाला ब्यूरोUpdated Tue, 28 Oct 2025 03:12 PM IST
बड़ा विथड्रॉ,
क्लिक ईज़ी पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में 15 जनवरी से एक शक्तिशाली पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहा है, जिसका असर मध्यप्रदेश के मौसम पर भी साफ दिखाई देगा। मौसम विभाग का अनुमान है कि इस सिस्टम के प्रभाव से 2 से 3 दिन बाद प्रदेश के उत्तरी इलाकों में मावठा गिर सकता है। फिलहाल ग्वालियर, चंबल, रीवा और सागर संभाग में घना ठंडा मौसम बना हुआ है। मंगलवार सुबह प्रदेश के कई जिलों में कोहरे की चादर छाई रही। ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना और रीवा में मध्यम कोहरा दर्ज किया गया। राजधानी भोपाल और इंदौर समेत उज्जैन, खजुराहो, गुना, शिवपुरी, शाजापुर और सीहोर में भी कोहरे का असर देखा गया। हालांकि, अधिकतर इलाकों में दृश्यता 1 से 2 किलोमीटर तक बनी रही।
कलेक्ट डिपॉजिट, चंबा। नगर परिषद चंबा जुलाई 2025 के बाद आम सभा नहीं करवा पाई है। इस कारण पार्षद की ओर से अपने-अपने वार्डों की समस्याओं के समाधान के लिए बनाए गए प्रस्ताव लंबित पड़े हैं।







