ऐप इनवाइट
ऐप रिसीव
रजिस्टर मोबाइल, Inc
कूपन बोनस
💢फ्रेंड्स💢बहराइच। तराई क्षेत्र में मौसम लगातार करवट बदल रहा है। रविवार रात जिले भर में कोहरा छाया रहा, जिससे जनजीवन खासा प्रभावित हुआ। करीब 11 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली सर्द हवा ने ठिठुरन बढ़ा दी। ठिठुरन के चलते लोग अलाव का सहारा लोग लेने को मजबूर रहे।
️ट्रांसफर विन,बस्ती। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया का एक चरण पूरा हो चुका है और पहली सूची प्रकाशित कर दी गई है। लेकिन, अभी भी शतप्रतिशत मतदाताओं की पुख्ता छानबीन नहीं हो सकी है।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बाड़मेरPublished by:हिमांशु प्रियदर्शीUpdated Sat, 03 Jan 2026 07:01 PM IST
ऐप कैश, बागेश्वर में कोतवाली क्षेत्र के दाड़िमठौक गांव में घर के भीतर रखी अंगीठी की गैस लगने से एक ही परिवार के चार लोग बेहोश हो गए। प्रभावितों में बच्ची भी शामिल है। चारों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। चिकित्सकों के अनुसार उनकी सेहत में पहले की तुलना में सुधार है। सुबह दूध लेने आई महिला के चलते घटना का पता समय पर चल गया और बड़ी घटना होने से बच गई।
अंबेडकरनगर। जनवरी के पहले सप्ताह से जारी कड़ाके की ठंड के बीच बीते दो दिनों से लोगों को धूप के दीदार होने लगे हैं।
अकबरपुर के शहजादपुर बाजार में सोमवार को पतंग खरीदते बच्चे।-
बराड़ा। बराड़ा की बेटी व 2021 बैच की आईएएस अधिकारी अक्षिता गुप्ता को पंजाब सरकार ने निदेशक, सूचना एवं जनसंपर्क विभाग (डीआईपीआर) नियुक्त किया है। इस नियुक्ति के साथ ही अक्षिता गुप्ता पंजाब की सबसे कम उम्र की डीआईपीआर बनने का गौरव हासिल करने वाली अधिकारी बन गई हैं। अक्षिता गुप्ता की यह उपलब्धि न केवल बराड़ा बल्कि पूरे हरियाणा और देश की बेटियों के लिए प्रेरणास्रोत है। कम उम्र में इतनी बड़ी प्रशासनिक जिम्मेदारी संभालना उनकी मेहनत, प्रतिभा और नेतृत्व क्षमता का प्रमाण है। उनकी नियुक्ति से बराड़ा क्षेत्र में खुशी और गर्व का माहौल है। संवादबराड़ा की बेटी अक्षिता गुप्ता बनीं पंजाब की सबसे कम उम्र की डीआईपीआर। संवाद
साइन अप क्लिक, राजस्थान के बाड़मेर जिले में कड़ाके की सर्दी के बावजूद पेयजल संकट गहराता जा रहा है। शिव विधानसभा क्षेत्र में लंबे समय से बनी पानी की समस्या को लेकर शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी बुधवार को बाड़मेर जिला मुख्यालय पहुंचे और जलदाय विभाग कार्यालय में अधिकारियों के सामने धरने पर बैठ गए।
मासिक कैश न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अशोकनगरPublished by:अमर उजाला ब्यूरोUpdated Tue, 06 Jan 2026 08:04 PM IST
विस्तारFollow Usराजस्थान की माटी का कण-कण शौर्य और गौरवशाली इतिहास की गवाही देता है, लेकिन बानसूर विधानसभा क्षेत्र में यह गौरव आज अपनी अंतिम सांसें गिन रहा है। ग्राम हाजीपुर और बानसूर मुख्य कस्बे की पहाड़ियों पर स्थित ऐतिहासिक किले प्रशासनिक उपेक्षा और पुरातत्व विभाग की उदासीनता के चलते खंडहर में तब्दील हो रहे हैं। जो किले कभी सुरक्षा के अभेद्य कवच और राजपूताना आन-बान-शान के प्रतीक थे, वे आज सरकारी फाइलों में गुम होकर अपना अस्तित्व खो रहे हैं।
मेगा विन, सारAjmer News: अजमेर दरगाह में ख्वाजा गरीब नवाज के 814वें उर्स पर सालाना संदल की रस्म अकीदत के साथ अदा हुई। देशभर से पहुंचे जायरीन ने दुआएं मांगीं। दरगाह परिसर रूहानियत, आस्था और भाईचारे के रंग में रंगा रहा।







