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💢ऑफर वीडियो💢अमर उजाला ब्यूरोUpdated Tue, 13 Jan 2026 01:28 AM IST
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मैहला में आरवीएनएल के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मजदूर। स्रोत: यूनियन
बीजापुर में विधायक विक्रम मंडावी ने आज जिला मुख्यालय में प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि बस्तर संभाग का बीजापुर जिला आदिवासी बहुल क्षेत्र है, जहां संविधान की पांचवीं अनुसूची लागू है। 25 जनवरी 1994 से पंचायती राज व्यवस्था के साथ ही प्रदेश में पेसा कानून भी लागू है। इनके तहत ग्राम सभा सर्वोपरि है और गांव में किसी भी विकास कार्य के लिए ग्राम सभा की सहमति अनिवार्य है। यह संवैधानिक एवं लोकतांत्रिक प्रक्रिया हमारे लोकतंत्र को मजबूत करती है।
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धामपुर। गांव भटियाना खुशहालपुर में रविवार सवेरे नौ बजे गांव के निकट खेत में गुलदार बैठा नजर आने से ग्रामीणों में दहशत है। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार अवगत कराने के बाद भी वन विभाग की ओर से पिंजरा नहीं लगाया जा रहा है। गांव के मास्टर सुधीर कुमार चौहान ने बताया कि जब वह सवेरे नौ बजे जंगल में काम करने के लिए बाइक से जा रहे थे। इस दौरान गांव के निकट पूर्व प्रधान के घर के पास स्थित सरसों के खेत में गुलदार बैठा हुआ दिखाई दिया। उन्होंने शोर मचाया और गांव के लोग इकट्ठा हुए तो गुलदार गन्ने के खेत में जा छिपा। गांव की मीनाक्षी, बबीता, अर्जुन ,जितेंद्र, सतवीर, परविंदर और लोकेश का कहना है कि कई बार वन विभाग के अधिकारियों से पिंजरा लगाकर गुलदार को पकड़ने की मांग कर चुके हैं। उन्होंने जिलाधिकारी से हस्तक्षेप कर जल्द पिंजरा लगाए जाने की मांग की है। ग्रामीणों ने बताया कि 2025 में उनके गांव में वन विभाग द्वारा दो गुलदाराें को पकड़ चुका है। डिप्टी रेंजर हरदेव सिंह का कहना है कि उन्होंने ग्राम प्रधान से संपर्क कर पिंजरे को गांव में लगाने के लिए सुझाव दिया है। ग्रामीणों की ओर से सहयोग नहीं मिल रहा।
बड़ा लॉग इन, न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बीकानेरPublished by:हिमांशु प्रियदर्शीUpdated Mon, 24 Nov 2025 02:34 PM IST







