वीडियो कूपन
विशेष स्टूडेंट
ऐप, Inc
वेरिफाई विन
💢गेट💢विस्तारFollow Usआज सोमवार को बेमेतरा पुलिस ने एक चोर व चोरी के सामान की खरीदी करने वाले दुकानदार को गिरफ्तार किया है आरोपी चोर द्वारा मंदिर की मूर्ति से सोने के लॉकेट व कई जगह से बाइक चोरी करता था। डीएसपी राजेश कुमार झा ने बताया कि सशक्त एप के माध्यम से बाइक चेकिंग के दौरान बाइक क्रमांक सीजी 07 एलआर 2452 को रोककर चेक किया गया। यह वाहन थाना साजा क्षेत्र से चोरी का होना पाया गया।
️अतिरिक्त पैसे,
कमेंटकमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
कलेक्ट लाइक,
चुराह (चंबा)। उपमंडल चुराह की ग्राम पंचायत ब्लंतर में बीते करीब छह महीनों से ट्रांसफार्मर खराब पड़ा हुआ है। इसके चलते चूंडी, खमवास, किड़वास, कलयोग और गुरासना गांवों के ग्रामीणों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शुक्रवार को एक अणे मार्ग स्थित 'संकल्प' से 'मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना' की राशि 10 लाख लाभुक महिलाओं के खाते में डीबीटी के जरिए भेज दी है। उन्होंने 10 हजार रुपये प्रति लाभुक की दर से 1000 करोड़ रुपये की राशि का रिमोट का बटन दबाकर अंतरण किया। इसके पूर्व एक करोड़ 46 लाख लाभुक महिलाओं के खाते में 14 हजार 600 करोड़ रुपये की राशि भेजी जा चुकी है। इस दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए महिला लाभुकों से बातचीत की। महिलाओं ने सीएम नीतीश कुमार को धन्यवाद करते हुए कहा कि 10000 की राशि से काफी मदद मिली है इससे वह अपना रोजगार शुरू कर चुकी है और अपनी जरूरत को पूरा कर पा रही हैं। आइए जानते हैं प्रमुख तीन महिलाओं ने और क्या क्या अनुभव साझा किए...
बिजनौर। किशोर न्यायालय बोर्ड की प्रधान मजिस्ट्रेट के घर में 14 दिन पहले हुई चोरी में पुलिस के हाथ अहम सुराग लगे हैं। दरअसल चोरी करने वाले आरोपी ने वारदात को अंजाम देकर सामान और आभूषण महिला मित्र को दे दिए थे। पुलिस ने आरोपी की महिला मित्र को हिरासत में ले लिया है।
फ्रेंड्स इंस्टेंट,
मासिक फ्रेंड्स जिला अस्पताल में दवा लेने के लिए लगी मरीजों की लाइन। संवाद- फोटो : reasi news
राजधानी भोपाल के नगर निगम संचालित स्लॉटर हाउस से जुड़े एक गंभीर मामले ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पशु चिकित्सक के प्रमाणपत्र के आधार पर करीब 26 टन मांस मुंबई भेजा गया था, जिसकी जांच में बाद में गोमांस होने की पुष्टि हुई है। हैरानी की बात यह है कि दस्तावेजों में इसे भैंस का मांस बताया गया था। जानकारी के अनुसार नगर निगम के पशु चिकित्सक द्वारा जारी प्रमाणपत्र के आधार पर मांस को स्लॉटर हाउस से बाहर ले जाने की अनुमति दी गई। दिसंबर 2025 के मध्य में जारी इस प्रमाणपत्र में यह उल्लेख किया गया था कि तय मानकों के अनुसार पशुओं का वध किया गया है और मांस मानव उपभोग के लिए उपयुक्त है। इसी आधार पर मांस को फ्रीज कर कंटेनरों में भरकर मुंबई रवाना किया गया। अब इस मामले में भोपाल नगर निगम की भूमिका ही सवालों के घेरे में हैं।
कूपन वेरिफाई,







