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️फ्रेंड्स,विस्तारFollow Usबलरामपुर-रामानुजगंज जिले के बलरामपुर बस स्टैंड क्षेत्र में ठेला लगाने को लेकर हुए विवाद ने बड़ा रूप ले लिया है। आरोप है कि आबकारी विभाग के उपनिरीक्षक ने एक ठेला व्यापारी के साथ मारपीट की। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है, जिसके बाद विभागीय कार्रवाई की मांग उठने लगी है।
अशोकनगर कोतवाली पुलिस ने शनिवार को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए दुर्लभ प्रजाति के रेड सैंड बोआ सांप के साथ दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस दो-मुंहे सांप की कीमत 5 करोड़ से 25 करोड़ रुपये तक बताई जाती है। आरोपियों को राजस्थान से मोटरसाइकिल द्वारा सांप लाते समय पकड़ा गया।
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बलरामपुर। जिले की सिंचाई व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में अहम पहल की गई है। राप्ती मुख्य नहर पर निर्मित सायफन की क्षतिग्रस्त बेड लाइनिंग (नहर के किनारे की सुरक्षा परत) के पुनर्निर्माण को मंजूरी मिल गई है। इस कार्य पर करीब 74.60 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। परियोजना के पूरा होने से नहर की मजबूती बढ़ेगी और जल प्रवाह अधिक सुचारु हो सकेगा।
विस्तारFollow Usजिले में शनिवार को नरेश मीणा पर हुए हमले के बाद इलाके में तनावपूर्ण हालात बन गए। अज्ञात हमलावरों ने उनकी गाड़ी पर हमला कर शीशे तोड़ दिए। घटना से नाराज नरेश मीणा के समर्थकों ने पूर्व सरपंच के घर पर पथराव किया और एक कार में आग लगा दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को काबू में किया।
रिवॉर्ड्स रजिस्टर,
फ्री इंस्टेंट MaharashtraDonald Trumpविक्रमादित्य सिंह की फेसबुक पर टिप्पणीसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालRCB vs UPIranकौन है अरिहा शाह?बीवी ने मरवा डाला पतिCivic Pollsयूपी
बाराबंकी। थाना समाधान दिवस का आयोजन शनिवार को किया गया। डीएम शशांक त्रिपाठी और एसपी अर्पित विजयवर्गीय ने सफदरगंज थाने में समस्याएं सुनीं। रास्ता व नाली विवाद जैसे मामलों में मौके पर राजस्व व पुलिस टीम भेजकर समस्या का निदान कराया।
रिवॉर्ड्स क्लिक, हजपुरा (अंबेडकरनगर)। अकबरपुर क्षेत्र के कहरा सुलेमपुर गांव और आसपास के सात गांवों के लोगों के लिए वर्षों से चली आ रही आवागमन की समस्या का समाधान होने जा रहा है। बदहाल रास्तों के कारण ग्रामीणों को एक किलोमीटर की अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती थी, जो खासकर बरसात के मौसम में और भी विकराल रूप ले लेती थी। जलभराव की स्थिति ऐसी हो जाती थी कि पैदल चलना भी दूभर हो जाता था, जिससे स्कूली बच्चों को सर्वाधिक परेशानी का सामना करना पड़ता था।







