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️पुराना कैश,
उसहैत। गांव नौगवां नसीरनगर निवासी निर्भान सिंह यादव (40) पुत्र होशियार सिंह के बैल ने स्वामी पर ही हमला कर दिया। उसे पटक-पटककर मार डाला। सूचना पर पहुंची पुलिस को परिजनों ने पोस्टमॉर्टम कराने से मना कर दिया।
छोटा विथड्रॉ, अमर उजाला ब्यूरोUpdated Tue, 13 Jan 2026 01:30 AM IST
सारदोनों ने चार साल पहले प्रेम विवाह किया था और शादी के बाद से ही विवाद चलते थे। शुक्रवार रात झगड़े के बाद शनिवार सुबह दोनों ने यह कदम उठाया। सूचना पर पुलिस और एसडीईआरएफ टीम ने दो घंटे की मशक्कत के बाद शव बरामद कर परिजनों को सौंप दिए।
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरीUpdated Mon, 12 Jan 2026 02:01 AM IST
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कमाई डिपॉजिट पहाड़ों पर हुई भारी बर्फबारी का सीधा असर अब मैदानी इलाकों में दिख रहा है। मध्यप्रदेश में उत्तर से आ रही बर्फीली हवाओं ने ठंड की धार और तेज कर दी है। खासकर ग्वालियर-चंबल संभाग सबसे ज्यादा प्रभावित है, जहां दिन की धूप भी राहत नहीं दे पा रही और रातें कंपकंपाने को मजबूर कर रही हैं। सोमवार सुबह घना कोहरा और सर्द हवाओं का मेल लोगों के लिए दोहरी मार बन गया। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले चार दिन तक इसी तरह की सख्त ठंड बनी रहेगी, जबकि भोपाल और इंदौर में पारा 10 डिग्री से नीचे रह सकता है।मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, प्रदेश के ऊपरी हिस्से में स्थित होने के कारण ग्वालियर-चंबल में ठंड का असर ज्यादा तीखा है। ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर और दतिया में दिन के तापमान में मामूली बढ़ोतरी के बावजूद रात का पारा लगातार 10 डिग्री से नीचे बना हुआ है। रविवार को ग्वालियर में अधिकतम तापमान 21.5, दतिया में 20.1 और श्योपुर में 21.4 डिग्री दर्ज किया गया, लेकिन रात की ठंड ने लोगों को अलाव और हीटर का सहारा लेने पर मजबूर कर दिया।
कूपन ऑफर, विस्तारFollow Usबीजापुर नगर की सबसे बड़ी और बहुप्रतीक्षित जरूरत बन चुकी बायपास सड़क आज भी केवल कागज़ों और फाइलों तक सीमित है। बीते 12 वर्षों से बीजापुर बायपास सड़क का प्रस्ताव सरकारी दफ्तरों में धूल खा रहा है, जबकि शहर की सड़कों पर हर दिन बढ़ता यातायात, भारी वाहनों का दबाव और दुर्घटनाओं का खतरा आम नागरिकों की परेशानी को लगातार बढ़ा रहा है।वर्ष 2012-13 के अनुपूरक बजट में शामिल यह बायपास परियोजना आज तक जमीन पर उतर नहीं सकी। तत्कालीन मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह और पूर्व वन मंत्री महेश गागड़ा द्वारा बायपास का शिलान्यास किया गया था। इसके बाद कांग्रेस सरकार के पाँच वर्ष और वर्तमान भाजपा सरकार के दो वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन निर्माण कार्य आज भी शुरू नहीं हो पाया।







