अतिरिक्त इंस्टेंट
कम्पलीट वेरिफाई
फ्रेंड्स क्लिक, Inc
गोल्ड कमाई
💢मेगा टास्क💢
️साप्ताहिक मोबाइल,स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय के टैक्निशियन के छात्रों ने एक्सरे, अल्ट्रासाउंड एमआरआई और पैथॉलाजी समेत सभी जांच को बंद कर दिया है। इसके कारण मरीजों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। छात्रों की हड़ताल रविवार शाम छह बजे से ही बंद है। छात्र शिवम रावत का आरोप है कि रविवार शाम को ड्यूटी समाप्त होने के बाद भी एक मरीज का एक्सर करने का दबाव बनाने लगे। मना करने पर मारा पीटा। आरोप है कि ड्यूटी का समय पूरा हो जाने के बाद भी छात्रों पर काम करने का दबाव बनाया गया। मना करने पर एक छात्र की पिटाई कर दी गई। दूसरे दिन सोमवार को भी हड़ताल जारी रही।
गोल्ड कलेक्ट, फोटो-22-कुदरकोट में शिकायतें सुनते डीएम व एसपी।संवाद
USMaharashtraविक्रमादित्य सिंह की फेसबुक पर टिप्पणीDonald Trumpसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालRCB vs UPIranकौन है अरिहा शाह?बीवी ने मरवा डाला पतिCivic Polls
संगम की रेती पर माघ मेले ने भव्य स्वरूप लेना शुरू कर दिया है। संगम तट पर हर दिन देश ही नहीं विदेश से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु संगम में आस्था की डुबकी लगाने पहुंच रहे है। अध्यात्म और भक्ति से सराबोर माघ मेले में साधु-संत अलग-अलग भेषभूषा और बोली से चर्चा में हैं। इन्हीं में एक हैं सेंट वाले बाबा। वह संगम लोवर मार्ग पर धूनी रमाए रेती पर भक्ति रस बांट रहे हैं।
मुरादाबाद ब्यूरोUpdated Tue, 13 Jan 2026 12:38 AM IST
प्लेटिनम शेयर, अमर उजाला नेटवर्क, बालोदPublished by:Digvijay SinghUpdated Sat, 20 Dec 2025 05:29 PM IST
लाइक अमर उजाला नेटवर्क, बलौदाबाजारPublished by:Digvijay SinghUpdated Tue, 28 Oct 2025 01:39 PM IST
कमेंटकमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
सुपर विज़िट, विस्तारFollow Usतीन दशकों तक जंगलों में दहशत फैलाने वाले माओवादी संगठन का बालाघाट जिले से पूर्ण सफाया हो गया है। गुरुवार को जिले में सक्रिय बचे हुए दो हार्डकोर माओवादी दीपक उर्फ सुधाकर उर्फ मंगल उइके और उसके साथी रोहित (एसीएम, दर्रेकसा एरिया कमेटी) ने कोरका स्थित सीआरपीएफ कैंप में आत्मसमर्पण कर दिया। एसपी आदित्य मिश्रा के मुताबिक इन दोनों की गिरफ्तारी के बाद जिले में कोई हार्डकोर नक्सली नहीं रह गया है।







