कैश वीडियो
वीडियो
मासिक सब्सक्राइब, Inc
साइन अप विथड्रॉ
💢रिसीव💢बहराइच। जिले के ईंट-भट्ठों पर काम करने वाले प्रवासी श्रमिक परिवारों के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए स्वास्थ्य विभाग ने कमर कस ली है। विभाग अब इन श्रमिकों के बच्चों और गर्भवती महिलाओं को जानलेवा बीमारियों से बचाने के लिए विशेष टीकाकरण अभियान शुरू करने जा रहा है।
️कैश,भीटी (अंबेडकरनगर)। महरुआ क्षेत्र के राम नगर कर्री के मजरे गौतम नगर में अनीता व अजय ने जमीन के विवाद को लेकर हुए मारपीट के मामले में एक-दूसरे पर प्राथमिकी दर्ज कराई है। अनीता ने पुलिस को दी तहरीर में बताया है कि रविवार सुबह जब वह शौचालय गई थीं। इसी दौरान गांव निवासी अजय गोविंद, अजय व संदीप मारने लगे। बीच बचाव करने जब उनकी पुत्री, पुत्र व ससुर आए तो विपक्षियों ने उन लोगों को घर में घुसकर पीटा तथा शौचालय का दरवाजा तोड़ दिया। दूसरे पक्ष के अजय का आरोप है कि रविवार सुबह अनीता, अजीत, प्रतोखी, राम लखन, रुचि व आरती सहन दरवाजे की जमीन पर दीवार उठा रहे थे। विरोध करने पर उन्हें, उनकी मां तारावती व छोटे भाई की पत्नी गीता को पीटकर घायल कर दिया। प्रभारी थानाध्यक्ष सुधीर त्रिपाठी ने बताया कि एक पक्ष के आठ व दूसरे पक्ष के छह लोगों समेत 14 लोगों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर जांच की जा रही है।
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराजPublished by:विनोद सिंहUpdated Mon, 12 Jan 2026 03:46 PM IST
शेयर वॉच, एमडीएस यूनिवर्सिटी के कुलगुरु को धमकाने का मामला दर्ज।- फोटो : अमर उजाला
आतंकी डॉ. आदिल अहमद की गिरफ्तारी के बाद कुछ संदिग्ध खुफिया एजेंसियों की रडार पर हैं। वर्ष 2017 से अब तक सहारनपुर को पांच बार उड़ाने की धमकियां मिल चुकी हैं। आखिरी बार 26 अक्तूबर 2023 में धमकी मिली थी। इससे पहले वर्ष 2017 व 2022 में एक-एक बार और 2018 में दो बार धमकी भरे पत्र मिले थे। आतंकी संगठन लश्कर-ए तैयबा का जिक्र किया गया था।
Donald TrumpIranCivic Pollsसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालविक्रमादित्य सिंह की फेसबुक पर टिप्पणीT20 WCRCB vs UPकौन है अरिहा शाह?बीवी ने मरवा डाला पतिWest Bengal
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बालोतराPublished by:बालोतरा ब्यूरोUpdated Wed, 07 Jan 2026 01:13 PM IST
ऑफर लाइक, विस्तारFollow Usप्रदेश कांग्रेस कमेटी के सचिव आजाद सिंह राठौड़ ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा पर्वतों की परिभाषा में हाल ही में किए गए बदलाव पर गहरी चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि यह निर्णय सदियों पुरानी अरावली पहाड़ियों के अस्तित्व के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। राठौड़ के अनुसार अरावली केवल पहाड़ों की शृंखला नहीं, बल्कि उत्तर-पश्चिमी भारत की जीवनरेखा है और इसके संरक्षण से किसी भी प्रकार का समझौता आने वाली पीढ़ियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ होगा।
गेट
गोल्ड इंस्टेंट,







