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️विथड्रॉ,आगरा। पैर रखने पर आरामदायक एहसास कराना ही आगरा के गलीचे (कारपेट) की खासियत है, लेकिन पारंगत कारीगरों और सब्सिडी की कमी से गलीचा कारोबार दम तोड़ रहा है। इसके बाद अमेरिकी टैरिफ ने कारोबार को और झटका दिया। उद्यमियों का कहना है कि कारीगरों के लिए एडवांस ट्रेनिंग सेंटर, सब्सिडी बढ़ाने और ओडीओपी में शामिल करने से गलीचा कारोबार को गति मिल सकती है।
अजमेर शरीफ दरगाह परिसर में फूल और चादर की एक दुकान को लेकर चला आ रहा पुराना विवाद मंगलवार रात अचानक हिंसक संघर्ष में बदल गया। दो पक्षों के बीच हुए टकराव में एक खादिम पर धारदार हथियारों और लोहे की रॉड से हमला किया गया, जिससे दरगाह क्षेत्र में अफरातफरी का माहौल बन गया।
अल्ट्रा कलेक्ट, गोरखपुर ब्यूरोUpdated Mon, 12 Jan 2026 01:43 AM IST
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विस्तारFollow Usअरावली पर्वतमाला को नुकसान पहुंचाने वाले सरकारी निर्णयों के विरोध में रविवार को एनएसयूआई के नेतृत्व में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया। एनएसयूआई जिला अध्यक्ष अंकित घारू के नेतृत्व में युवाओं ने मशाल जुलूस निकालकर सरकार को चेताया कि यदि अरावली को बचाने के लिए ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो आने वाले समय में बड़ा जनआंदोलन खड़ा किया जाएगा।
बस्ती। शहर में रविवार को खाटूश्यामजी की भव्य निशान यात्रा ब्लॉक रोड स्थित एक होटल से निकालीं गई। बड़ी संख्या में लोग इस यात्रा में शामिल हुए। बाबा श्याम के जयकारे से शहर गुंज उठा। ब्लॉक रोड से हारे का सहारा बाबा श्याम मित्र मंडली की ओर से खाटू श्याम की विशाल भव्य निशान यात्रा निकाली गई।
पैसे डिपॉजिट, बलिया। जिले में नहरों पर ग्रामीण व किसानों को आने-जाने के लिए पुलियों का निर्माण किया गया है। ऐसे में अधिकांश पुलिया जर्जर होने के कारण हादसे का भय बना रहता है। जिले में नहरों पर कम से कम 500 से अधिक पुलिया गांव के लोगों व किसानों को आने जाने के लिए बनाई गई है।
डाउनलोड जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
रूपझर थाना क्षेत्र के कटेझिरिया जंगल में सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़ के बाद सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। तलाशी अभियान के दौरान खून से सने जूते और नक्सलियों का पिट्ठू बैग मिला है। इससे अनुमान लगाया जा रहा है कि मुठभेड़ में कोई नक्सली मारा गया या गंभीर रूप से घायल हुआ है। पुलिस अधीक्षक आदित्य मिश्रा ने बताया कि 2-3 नवंबर की रात माओवादियों की मौजूदगी की सूचना पर हॉकफोर्स, सीआरपीएफ, कोबरा और थाना पुलिस की संयुक्त टीम सर्चिंग के लिए जंगल में गई थी। इसी दौरान नक्सलियों ने सुरक्षाबलों पर अचानक फायरिंग शुरू कर दी। जवाब में सुरक्षाबलों ने भी आत्मरक्षा में गोलीबारी की।
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