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💢इंस्टेंट विथड्रॉ💢बालोतरा जिले के समदड़ी नगर पालिका क्षेत्र के मुथो के वेरा इलाके से इंसानियत को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। यहां रहने वाले महेंद्र माली का जीवन बीते करीब तीन दशक से बेड़ियों में बंधा हुआ है। मानसिक विक्षिप्तता से जूझ रहे महेंद्र को उनके ही परिजनों ने मजबूरी में जंजीरों से बांधकर रखा है, ताकि वह स्वयं को या दूसरों को नुकसान न पहुंचा सके।
️कमाई,
गोरखपुर ब्यूरोUpdated Mon, 12 Jan 2026 01:39 AM IST
विशेष लाइक, सारबालोद में हुई वन समिति की बैठक में सभापति ने अधिकारियों पर पेड़ कटाई को शह देने का आरोप लगाया। बैठक में वन्य जीवों के लिए पेयजल व्यवस्था, समितियों को मजबूत करने और वन आधारित योजनाओं को समय पर लागू करने पर चर्चा हुई।
कमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
बस्ती। छावनी थाना क्षेत्र विक्रमजोत क्षेत्र की एक किशोरी को शादी का झांसा देकर भगाने के आरोप में पुलिस ने गांव के ही युवक उसकी मां, बहन और भाई पर प्राथमिकी दर्ज किया है। पीड़िता की मां ने छावनी पुलिस को तहरीर देकर आरोप लगाया कि बेटी आठ जनवरी को स्कूल से घर लौट रही थी। रास्ते में गांव का युवक उसे शादी का झांसा देकर अपने साथ लेकर चला गया। जब बेटी घर नहीं लौटी तो उसकी तलाश की गई। पता चला कि बेटी आरोपी के घर है। उलाहना देने पर आरोपियों ने जान से मारने की धमकी दी। ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठीUpdated Tue, 13 Jan 2026 12:40 AM IST
पॉइंट्स,
गेट औरैया। धूप निकलने से आलू बोने वाले किसानों को काफी राहत पहुंची है। एक पखवाड़े से लगातार कोहरे व पाला के चलते आलू की फसल में झुलसा रोग लग रहा था। दवा के छिड़काव से खेती की लागत बढ़ रही थी। अब धूप निकलने से किसान खुश हैं।
विस्तारFollow Usअल्मोड़ा में उत्तराखंड के सीमांत क्षेत्र मुनस्यारी की प्रसिद्ध राजमा पर जलवायु परिवर्तन और मौसम का असर पड़ा है। एक दशक पहले तक जहां 1450-1800 मीटर की ऊंचाई पर राजमा की खेती होती थी, वहीं अब वर्तमान में 1800-2400 मीटर की ऊंचाई पर इसकी पैदावार हो रही हैं। एसएसजे परिसर अल्मोड़ा, कुमाऊं विवि और गढ़वाल केंद्रीय विवि के संयुक्त शोध में इस बात का खुलासा हुआ है।
प्लेटिनम डिपॉजिट, विस्तारFollow Usमहंगाई को मात देने और लंबी अवधि में अपनी पूंजी को बढ़ाने के लिए इक्विटी को हमेशा से सबसे सशक्त माध्यम माना गया है। फिक्स्ड इनकम या पारंपरिक निवेश के साधनों की तुलना में, इक्विटी में लंबी अवधि के दौरान 'परचेजिंग पावर' को न केवल बनाए रखने बल्कि उसे बढ़ाने की क्षमता अधिक होती है।







