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️रजिस्टर,बागेश्वर। ऐतिहासिक उत्तरायणी कौतिक-2026 की तैयारियां अब अपने अंतिम पड़ाव पर हैं। नगर पालिका की ओर से आयोजित मेले के लिए आमंत्रण पत्र और कार्यक्रमों की सूची आधिकारिक रूप से जारी कर दी गई है। इस बार मेले का मुख्य आकर्षण बॉलीवुड के मशहूर पार्श्व गायक देव नेगी होंगे जो अपनी सुरीली आवाज से मेले के सांस्कृतिक मंच पर धमाल मचाएंगे।
अनूपपुर के महाराजा मार्तंड महाविद्यालय में एबीवीपी छात्रों ने मूलभूत सुविधाओं की कमी और प्रिंसिपल की अनुपस्थिति को लेकर प्रदर्शन किया। छात्रों ने लापता प्रिंसिपल के पोस्टर लगाए और 13 सूत्री मांगें सौंपीं। स्पोर्ट्स टीचर पर दुर्व्यवहार व धमकी के गंभीर आरोप लगे। दबाव में प्रिंसिपल पहुंचे, आंदोलन समाप्त हुआ।
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विस्तारFollow Usअलीगढ़ के हरदुआगंज में पिछले दिनों पकड़ा गया मीट प्रयोगशाला में जांच के बाद संरक्षित पशु का निकलने पर हिंदू रक्षा दल के कार्यकर्ताओं ने अवंतीबाई चौराहे पर प्रदर्शन करते जाम लगा दिया। आरोपियों पर सख्त कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाते हुए पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।
विस्तारFollow UsRajasthan Bypoll Result :अब से कुछ घंटों में यह फैसला हो जाएगा कि अंता का ऊंट किस करवट बैठेगा। सुबह 8 बजे अंता में मतगणना शुरू हो जाएगी। मुख्य मुकाबला कांग्रेस के प्रमोद जैन भाया और बीजेपी के मोरपाल सुमन के बीच बताया जा रहा है। निर्दलीय नरेश मीणा जितने ज्यादा वोट लेंगे कांग्रेस को उतना ही बड़ा नुकसान होने की आशंका है। हालांकि इस उपचुनाव में 15 उम्मीदवार मैदान में हैं, लेकिन बतौर निर्दलीय नरेश मीणा ही मुकाबले में खड़े नजर आए।
ईज़ी, अमर उजाला नेटवर्क, भाटापाराPublished by:राहुल तिवारीUpdated Sun, 07 Dec 2025 11:32 AM IST
पुराना कम्पलीट बाड़मेर और बालोतरा की सीमाओं में किए गए फेरबदल पर पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने की कड़ी निंदा- फोटो : अमर उजाला
सारछत्तीसगढ़ के बालोद जिले में 9 जनवरी से 13 जनवरी तक आयोजित होने वाली नेशनल जंबूरी को लेकर राज्य आयुक्त इंद्रजीत सिंह खालसा ने प्रमुख जानकारी दी।
साप्ताहिक कमेंट, अरावली पर्वतशृंखला के संरक्षण को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच शिव विधायक रविन्द्र सिंह भाटी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक विस्तृत पत्र लिखकर सुप्रीम कोर्ट की हालिया व्याख्या के आधार पर अपनाई जा रही 100 मीटर ऊंचाई संबंधी प्रशासनिक नीति पर पुनर्विचार की मांग की है। विधायक ने इसे केवल कानूनी व्याख्या का विषय नहीं, बल्कि उत्तर भारत के पर्यावरणीय भविष्य से जुड़ा गंभीर प्रश्न बताया है।







