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💢डायमंड टास्क💢बूम शिवा और स्ट्राइकर इलेवन को सेमीफाइनल में मिली हार
️पुराना वॉच,न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटनाPublished by:आदित्य आनंदUpdated Tue, 23 Dec 2025 09:10 AM IST
जन्म लेते ही नवजात को पुलिया के नीचे फेंका, SNCU में भर्ती।
क्लिक विन, Burhanpur News: गणेश प्रतिमा विसर्जन के बाद स्थिति को काबू में करते हुए पुलिस के जवान।- फोटो : सोशल मीडिया।
विस्तारFollow Usहरियाणा में संगठित अपराध और फिरौती से जुड़े मामलों पर कड़े प्रहार के परिणाम अब स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगे हैं। वर्ष 2024 की तुलना में वर्ष 2025 में फिरौती मांगने की घटनाओं में 40 प्रतिशत की उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है। इतना ही नहीं, पुलिस ने पिछले वर्ष 9 टारगेटेड मर्डर की बड़ी साजिशों को भी समय रहते विफल किया, जिससे अपराधियों के हौसले कमजोर पड़े हैं और जनता में भरोसा बढ़ा है।
विस्तारFollow Usबिहार में लगातार हो रही रेप और हत्या की वारदातों ने राज्य की कानून-व्यवस्था को कठघरे में खड़ा कर दिया है। पूर्णिया में एक युवती से शराब पिलाकर किए गए सामूहिक दुष्कर्म पर सांसद पप्पू यादव ने बिहार सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने प्रदेश के लॉ एंड ऑर्डर को पूरी तरह ध्वस्त बताते हुए दोषियों को सीधे फांसी देने की मांग की है।
साप्ताहिक डाउनलोड, सारएशिया की सबसे बड़ी महाजन फील्ड फायरिंग रेंज में पेट्रोल-डीजल चोरी बढ़ी, सेना ने 40 गांवों को चेतावनी पत्र जारी कर अवैध प्रवेश पर व्यक्तिगत जिम्मेदारी तय की, संतरी हथियार के साथ तैनात रहेंगे।
विशेष स्टूडेंट संवाद न्यूज एजेंसी, चमोलीUpdated Mon, 12 Jan 2026 05:02 PM IST
सारनजीबाबाद की शिक्षिका को वीडियो कॉल के माध्यम से डराया गया। डिजिटल अरेस्ट करके खातों में रकम ट्रांसफर करा ली गई। पुलिस ने तीन आरोपी पकड़ लिए हैं, जबकि उनके दो साथी अभी फरार हैं।
फ्री विन, चरखी दादरी। पहले मनरेगा योजना में काफी भ्रष्टाचार होता था। जिसकी शिकायतें लगातार मिलती थीं। नई व्यवस्था लागू होने से जहां भ्रष्टाचार पर पूरी तरह से अंकुश लगेगा। वहीं वीबी-जी-राम-जी योजना वर्ष 2047 तक भारत को विकसित देश बनाने में महत्वपूर्ण साबित होगी। यह बात भिवानी-महेंद्रगढ़ क्षेत्र से लोकसभा सांसद धर्मबीर सिंह ने शनिवार को दादरी में विधायक सुनील सांगवान के निवास स्थान पर पत्रकारों से बात करते हुए कही। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य योजना से महात्मा गांधी का नाम हटाना नहीं, बल्कि योजना को और अधिक प्रभावी बनाना है। कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान इस योजना के कई बार नाम बदले गए हैं।







