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💢पैसे कैश💢आगरा में सड़क दुर्घटनाओं और जाम की समस्या के लिए अब एसीपी जिम्मेदार होंगे। क्षेत्र में थाना प्रभारियों के साथ घूमकर दुर्घटनाओं के स्थान और कारणों की जांच कर कमी को दूर करेंगे। अपर पुलिस आयुक्त राम बदन सिंह ने डीसीपी ट्रैफिक और सभी एसीपी के साथ बैठक कर सुधार के निर्देश दिए हैं।
️कमाई,प्रसव पीड़ा में सड़क पर तड़पती रही महिला, नवजात का आधा शरीर बाहर आया- फोटो : अमर उजाला
अजमेर दरगाह में केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने पेश की चादर- फोटो : @KirenRijiju
लाइक, Donald TrumpIranCivic Pollsसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालविक्रमादित्य सिंह की फेसबुक पर टिप्पणीT20 WCRCB vs UPकौन है अरिहा शाह?बीवी ने मरवा डाला पतिWest Bengal
विस्तारFollow Usपूजा पाठ का ढोंग कर गड़ा धन निकालने के नाम पर 40 हजार रुपये नगद एवं 21 तोला सोने की ठगी के मामले में शामिल आरोपी को अंबिकापुर कोतवाली पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी द्वारा अंबिकापुर में घटना करने के पश्चात थाना शंकरगढ़ मे घटना कारित किया गया था। जानकारी के मुताबिक जगदीश विश्वकर्मा आत्मज स्व. छट्टु विश्वकर्मा उम्र 52 वर्ष निवासी केदारपुर सहेली गली अम्बिकापुर थाना अम्बिकापुर के द्वारा संजय मिश्रा एवं अन्य साथियों द्वारा पूजा पाठ कर गड़ा धन निकालने के नाम पर 40,000/- रूपये नगद एवं 21 तोला शुद्ध सोना का बिस्किट की ठगी कर फरार होने के संबंध में थाना अम्बिकापुर में अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना किया गया।
पिपरहवा चौराहा। तुलसीपुर-हरैया मार्ग पर खैरी भट्टा के पास ट्रक को ओवरटेक करने के चक्कर में शनिवार शाम करीब 5:30 बजे ट्रैक्टर-ट्रॉली पलट गई। हादसे में तुलसीपुर क्षेत्र के ग्राम कल्यानपुर निवासी सुरेश कुमार वर्मा (32) की मौत हो गई। हादसे में गांव के ही ट्रैक्टर चालक रामसेवक गंभीर रूप से घायल हो गए। रामसेवक को सीएचसी तुलसीपुर में भर्ती कराया गया है।
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सर्वे सोमेश्वर (अल्मोड़ा)। सोमेश्वर घाटी के चनौदा बड़सीला गांव निवासी जांबाज सिपाही अनिल राणा को उनकी बहादुरी के लिए सेना मेडल से सम्मानित किया गया है। कुमाऊं रेजिमेंट में तैनात अनिल राणा ने कश्मीर में 50 राष्ट्रीय राइफल्स (आरआर) में तैनाती के दौरान अदम्य साहस का परिचय दिया।
कम्पलीट, विस्तारFollow Usअल्मोड़ा में उत्तराखंड के सीमांत क्षेत्र मुनस्यारी की प्रसिद्ध राजमा पर जलवायु परिवर्तन और मौसम का असर पड़ा है। एक दशक पहले तक जहां 1450-1800 मीटर की ऊंचाई पर राजमा की खेती होती थी, वहीं अब वर्तमान में 1800-2400 मीटर की ऊंचाई पर इसकी पैदावार हो रही हैं। एसएसजे परिसर अल्मोड़ा, कुमाऊं विवि और गढ़वाल केंद्रीय विवि के संयुक्त शोध में इस बात का खुलासा हुआ है।







