सर्वे
रिसीव
अतिरिक्त गेट, Inc
गोल्ड कलेक्ट
💢वीडियो कम्पलीट💢सारBaran Accident: बारां के मंडोला के पास तेज रफ्तार ट्रक ने कार को टक्कर मार दी, जिसमें दो लोगों की मौके पर मौत हो गई और तीन गंभीर रूप से घायल हुए। सभी कार सवार कोटा से शादी समारोह से लौट रहे थे। घायलों को उपचार के लिए कोटा रेफर किया गया।
️अर्न कमाई,
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकीUpdated Tue, 13 Jan 2026 02:13 AM IST
अल्ट्रा वेरिफाई, श्रावण मास के अंतिम सोमवार को बाबा बैजनाथ शहरवासियों को दर्शन देने चांदी की पालकी में सवार होकर शाही ठाठ के साथ निकलेंगे। शाही सवारी के दिन तड़के तीन बजे मंदिर के पट खुलेंगे। 3.30 बजे तक गर्भ गृह सफाई होगी। 3.30 से 4.00 बजे तक बाबा बैजनाथ का पंचामृत स्नान होगा। 4ः30 से 5ः00 के मध्य ब्रह्ममुहूर्त आरती होगी। 5.00 से 7.30 बजे तक गर्भ गृह में बाबा बैजनाथ के दर्शन एवं पूजन कर सकेंगे। इसके पश्चात् गर्भगृह में प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। बाहर से ही दर्शन की व्यवस्था रहेगी। दोपहर 12ः30 बजे गर्भगृह में बाबा बैजनाथ का पूजन एवं आरती होगी। 1:00 से 1:15 बजे तक बाबा बैजनाथ को पुलिस द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया जाएगा। 1:15 से 1:30 के मध्य बाबा बैजनाथ चांदी की पालकी में सवार होंगे।
अंबाला। जीएमएन कॉलेज में रन फॉर स्वदेशी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य देशवासियों में स्वदेशी उत्पादों के प्रति जागरूकता बढ़ाना और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को सशक्त करना रहा। रन फॉर स्वदेशी का आयोजन कॉलेज परिसर एवं उसके आसपास के क्षेत्रों में किया गया। जिसमें एनसीसी कैडेट्स, शारीरिक शिक्षा विभाग के छात्र, एनएसएस स्वयंसेवक, जीएमएन कॉलेज ऑफ नर्सिंग के विद्यार्थी एवं महाविद्यालय के अन्य छात्र-छात्राएं, सभी शिक्षक एवं कर्मचारियों ने सहभागिता की। इस अवसर पर जीएमएन कॉलेज ऑफ नर्सिंग के प्राचार्य डॉ. रामलखन माली भी मौजूद रहे। इससे पूर्व महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. रोहित दत्त ने स्वदेशी के महत्व पर प्रकाश डाला। संवाद
जगदीशपुर। लखनऊ-सुल्तानपुर रेल ट्रैक पर वारिसगंज मार्ग पर बड़ेगांव स्थित इंजीनियरिंग रेलवे क्रॉसिंग संख्या 125 पर सुरक्षा और संरक्षा नियमों की घोर अनदेखी का मामला सामने आया है। नशे में धुत गेटमैन वीरेंद्र ने रात नौ बजे अकारण रेलवे फाटक बंद कर दिया। इससे क्रॉसिंग के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई।
सारBanswara News: 1 नवंबर 1983 को इंदिरा गांधी द्वारा माही नहरों में जलप्रवाह शुरू होने के बाद बांसवाड़ा ने विकास की नई कहानी लिखी। कालापानी कहे जाने वाला यह इलाका आज हराभरा और आत्मनिर्भर बन चुका है, जहां कृषि, ऊर्जा और रोजगार के क्षेत्र में बड़ा बदलाव आया।
फ्री कैश,
रिसीव कलेक्ट बालोद जिले की लौहनगरी दल्ली राहजरा में बीते रात सप्तगिरी पार्क के पास भालू देखा गया, शहर के बीचों-बीच बने इस पार्क में भालू दिखने से शहर में हलचल मच गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत इसकी सूचना बालोद वन विभाग को दी। वहीं, वन विभाग द्वारा भी भालू को तलाश करना शुरू कर दिया गया है और लोगों को रात के वक्त अकेले घर से बाहन निकलने से बचने की नसीहत दी गई है।
अमर उजाला ब्यूरोUpdated Mon, 12 Jan 2026 11:04 PM IST
ऑफर अर्न,







