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💢अल्ट्रा गेम💢पुलिस ने आरोपी युवक को हिरासत में ले लिया है- फोटो : अमर उजाला
️दैनिक रिवॉर्ड्स,सारप्रसव पीड़ा से छटपटाती महिला एंबुलेंस समय पर नहीं पहुंचने के कारण सड़क पर बेसुध हो गई और गर्भ में पल रहे बच्चे का आधा शरीर बाहर आ गया।
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगरUpdated Sun, 11 Jan 2026 10:30 PM IST
स्टूडेंट कम्पलीट, न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुरPublished by:सौरभ भट्टUpdated Fri, 09 Jan 2026 07:44 AM IST
लुधियाना में लूटAmritsarShahdol NewsBihar NewsJalandharरेवाड़ी में पुलिस की बड़ी कार्रवाईChhindwara NewsMP NewsMunger NewsBihar
अमर उजाला नेटवर्क, अम्बिकापुरPublished by:Digvijay SinghUpdated Fri, 09 Jan 2026 06:35 PM IST
लाइक ट्रांसफर, राजकीय आदर्श संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय समलेहड़ी में स्वयंसेवकों ने राष्ट्रीय युवा दिवस
फ्रेंड्स वीडियो कमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
अंबारी। अहरौला ब्लाक के ग्राम पंचायत ओरिल में लगभग 1.60 करोड़ रुपये की लागत से बनी पानी की टंकी बीते तीन वर्षों से शोपीस बनी हुई है। जल निगम ने शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से ओरिल ग्राम पंचायत का चयन किया गया था। 20 हजार की आबादी और 28 पुरवों में फैले इस गांव में टंकी निर्माण के बाद लोगों को उम्मीद जगी थी कि अब पीने के पानी की समस्या खत्म होगी, लेकिन घटिया निर्माण सामग्री और तकनीकी खामियों से काम रुक गया। प्रधान राम अवतार यादव का कहना है कि करीब तीन साल से टंकी से पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है। टंकी पर लगा ट्रांसफॉर्मर जल चुका है और पाइपलाइन में भारी लीकेज है। आबादी और क्षेत्रफल को देखते हुए गांव में कम से कम तीन टंकियों की आवश्यकता है। घटिया पाइप और सामान लगाने के कारण टंकी को अब तक हैंडओवर नहीं लिया गया है। वहीं, पूर्व प्रधान बिनोद यादव, संजय यादव सहित जगदीश बिंद, सियाराम गुप्ता, अरविंद समेत कई ग्रामीणों ने टंकी को तत्काल चालू कराने की मांग की है।
मासिक ट्रांसफर, विस्तारFollow Usनक्सल प्रभावित बालाघाट जिले में पहली बार किसी महिला नक्सली ने हथियार डालकर मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया है। नक्सली गतिविधियों से चार दशक से अधिक समय से जूझ रहे इस जिले के लिए यह एक अहम घटना मानी जा रही है। 1992 के बाद यह पहली बार है कि किसी अन्य राज्य के नक्सली ने मध्य प्रदेश सरकार के समक्ष आत्मसमर्पण किया है।







