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💢कम्पलीट💢सारसुरक्षाबलों द्वारा चलाए जा रहे तलाशी अभियान में खून से सने जूते, पिट्ठू बैग और खून के निशान मिले हैं, जिससे अनुमान है कि मुठभेड़ में कोई नक्सली घायल या मारा गया है।
️कैश,संगम तट पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़।- फोटो : अमर उजाला।
लखनऊ-सुल्तानपुर रेल ट्रैक पर वारिसगंज मार्ग पर बड़ेगांव स्थित इंजीनियरिंग रेलवे क्रॉसिंग संख्या 125 पर सुरक्षा और संरक्षा नियमों की घोर अनदेखी का मामला सामने आया है। नशे में धुत गेटमैन वीरेंद्र ने रात नौ बजे अकारण रेलवे फाटक बंद कर दिया जिससे क्रॉसिंग के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। राहगीर जब गेटमैन से बात करने पहुंचे, तब उसके नशे में होने का पता चला। शिकायत पर गेटमैन को निलंबित कर दिया गया। करीब एक घंटे बाद दूसरे गेटमैन के आने पर फाटक खोला गया।
नया गेट, एक धार्मिक स्थल में प्रार्थना सभा के दौरान बीमारी का उपचार करने की आड़ में धर्म परिवर्तन की सूचना पर पहुंचे बजरंग दल व विश्व हिंदू परिषद कार्यकर्ताओं ने हंगामा किया। पुलिस ने प्रार्थना सभा में मौजूद लोगों से बात की। पुलिस ने धर्म परिवर्तन की बात से इनकार किया है।
बाह में चोरी की बाइक के साथ फिरोजाबाद के जसराना क्षेत्र के दो युवक गिरफ्तार
विस्तारFollow Usअल्मोड़ा मेडिकल कॉलेज की फैकल्टी में इजाफा हुआ है। चिकित्सा शिक्षा निदेशालय, उत्तराखंड ने कॉलेज के विभिन्न विभागों में 28 असिस्टेंट प्रोफेसर पदों पर नियुक्ति को स्वीकृति प्रदान की थी। इसमें से विभिन्न विभागों में आठ असिस्टेंट प्रोफेसरों ने तैनाती ले ली है। इससे जहां मरीजों को राहत मिलेगी वहीं डॉक्टरी की पढ़ाई कर रहे विद्यार्थियों की पढ़ाई भी पटरी पर आएगी।
बाराबंकी। शहर के मुंशीगंज मोहल्ले में एक चोर ने मोबाइल दुकान का शटर काटकर 18 लाख रुपये के मोबाइल पार कर दिए। हालांकि, पुलिस ने अस्सी सीसीटीवी कैमरे खंगाले और घटना के कुछ ही घंटों बाद झाड़ियों में छिपाकर रखी गईं मोबाइल से भरी बोरियां बरामद कर लीं।
मोबाइल डिस्काउंट, अमर उजाला नेटवर्क, बालोदPublished by:राहुल तिवारीUpdated Mon, 12 Jan 2026 08:40 PM IST
गेट डिपॉजिट सारसूत्रों के मुताबिक आरोपी ने रकम जुए में गंवाई हो सकती है। पुलिस द्वारा जुएबाज की लग्जरी कार की नीलामी कर नुकसान की भरपाई करने की चर्चा है, हालांकि इस पर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई।
कहते हैं कि इंसान चला जाता है, लेकिन उसके कर्म अमर हो जाते हैं। राजस्थान के बालोतरा जिले से आई यह खबर इसी कथन को साकार करती है। महज पांच साल की उम्र में दुनिया को अलविदा कहने वाले भोमाराम ने अपने जीवन के अंतिम क्षणों में ऐसा काम कर दिया, जिसने तीन जरूरतमंद लोगों को नई जिंदगी दे दी। भोमाराम के माता-पिता ने गहरे दुख के बीच ऐसा साहसिक और मानवीय फैसला लिया, जो पूरे समाज के लिए प्रेरणा बन गया है।
फ्री वीडियो, हल्द्वानी ब्यूरोUpdated Sat, 10 Jan 2026 12:11 AM IST







