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💢वेरिफाई गेट💢शनिवार सुबह धूप निकलने के बाद कलेक्ट्रेट के निकट पार्क में बैठे लोग।
️छोटा इंस्टेंट,अपराध नियंत्रण। (सांकेतिक तस्वीर)- फोटो : अमर उजाला
कैश, 😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
अंबाला सिटी। चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (सीजेआई) जस्टिस सूर्यकांत के अपने पैतृक गांव पेटवाड़ आगमन पर काउंसिल ऑफ लॉयर्स के चेयरमैन एडवोकेट अंबाला सिटी निवासी वासु रंजन शांडिल्य ने उन्हें पेंटिंग पोर्ट्रेट भेंट कर सम्मानित किया। कार्यक्रम में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी और पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस शील नागू भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। सीजेआई सूर्यकांत ने भावुक होते हुए कहा कि उनकी सफलता बुजुर्गों के आशीर्वाद और गांव की मिट्टी की देन है। उनके इस संदेश से प्रेरित होकर एडवोकेट शांडिल्य ने घोषणा की कि काउंसिल ऑफ लॉयर्स सीजेआई की विचारधारा पर चलते हुए गरीबों और वंचितों को नि:शुल्क कानूनी सहायता प्रदान करेगी। कार्यक्रम में हिसार बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों सहित न्यायिक व प्रशासनिक क्षेत्र की कई प्रतिष्ठित हस्तियां मौजूद रहीं।
आगरा। विधानसभा क्रिकेट महासंग्राम के ग्यारहवें दिन मंडी समिति ग्राउंड पर प्री-क्वार्टर फाइनल में खेले गए दो मुकाबलों में हिरोड़ा ग्राम पंचायत और खेरागढ़ नगर पंचायत की टीमों ने शानदार प्रदर्शन से अगले दौर में प्रवेश किया।
डाउनलोड, आगरा। भगवान बिरसा मुंडा के विचारों और जल, जंगल और जमीन के संदेश के साथ रांची से दिल्ली तक की साइकिल यात्रा सोमवार को गणेशराम नागर सरस्वती बालिका विद्या मंदिर, बल्केश्वर पहुंची। रैली का नेतृत्व कर रहे कर्नल अनिल कुमार की टीम में 20 साइकिल चालक शामिल हैं, जिसमें से चार अधिकारी हैं और 16 एनसीसी कैडेट हैं।
कलेक्ट
गडवार/चिलकहर। सरकार जहां एक ओर डिजिटल इंडिया और सुशासन का दावा करते है लेकिर ज़मीनी हकीकत कुछ और ही कहानी बयां कर रही है। हालत यह है कि जन्म प्रमाणपत्र जैसे बुनियादी दस्तावेज़ को बनवाना में लोगों का एक से दो हजार रुपये खर्च करना पड़ रहा है। वहीं, तहसील व ब्लाक चक्कर काटना अलग से हो जा रहा है। लोगों का आरोप है कि जन्म प्रमाणपत्र बनवाने के लिए उनसे 1000 से लेकर 2000 रुपये तक की अवैध वसूली की जा रही है। कभी सर्वर डाउन, कभी बाबू साहब छुट्टी पर तो कभी दस्तावेज़ अधूरे बताकर वापस कर दिया जाता है। पीड़िता राजकुमारी देवी, ब्रजेश पांडेय, संतोष सिंह, पंकज गुप्ता आदि का कहना है कि दो महीने से दौड़ रहे हैं। हर बार कोई नई कमी निकाल देते हैं। आखिर में साफ़ बोल दिया गया कि 1500 रुपये दे दो, तभी बनेगा।
पुराना साइन अप, न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बाड़मेरPublished by:हिमांशु प्रियदर्शीUpdated Fri, 19 Dec 2025 10:27 AM IST







