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अतिरिक्त कलेक्ट, जिले में अब शराब माफिया इतने बेखौफ हो चुके हैं कि जनप्रतिनिधियों को भी जान से मारने की धमकियां देने लगे हैं। हाल ही में जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां शराब ठेकेदार ने अनूपपुर विधायक एवं पूर्व मंत्री के पुत्र और जनपद पंचायत उपाध्यक्ष तेजभान सिंह को फोन पर जान से मारने की धमकी दी। इस संबंध में तेजभान सिंह ने भालूमाड़ा थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराते हुए आरोपी ठेकेदार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
फरीदपुर। क्षेत्र के एक गांव में सात जनवरी की शाम में दो पक्षों में मारपीट, लड़कियों को निर्वस्त्र करने, चेन और फोन छीनने के मामले में पुलिस ने पांच लोगों पर सोमवार को मामला दर्ज किया है।
जिले में नशे के नेटवर्क और मादक पदार्थों की सप्लाई पर नकेल कसने के लिए पुलिस और डीएसटी लगातार फील्ड में सक्रिय है। इसी सिलसिले में शुक्रवार रात शहर में एक सनसनीखेज मामला सामने आया, जहां फास्ट फूड की दुकान को सिगरेट-कबाब और बर्गर बेचने की आड़ में नशीले पदार्थों की बिक्री का अड्डा बना दिया गया था। संयुक्त कार्रवाई में पुलिस ने मौके से 2.74 किलोग्राम अवैध गांजा पाउडर बरामद करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
पोस्टमार्टम के बाद बुजुर्ग का शव उनके पैतृक गांव मेजा के गौरा पौसिया लाई पहुंचा तो चीख-पुकार मच गई। सोमवार को सिरसा के छतवा गंगा घाट पर अंतिम संस्कार किया गया।
स्टूडेंट, मिहींपुरवा। सुजौली रेंज के कोलियागढ़ी बीट के नालों में रविवार रात कछुओं का शिकार करते हुए दो शातिरों को पकड़ा गया। इनमें से एक बिहार प्रांत का निवासी है। इनके पास से जिंदा संरक्षित प्रजाति के कछुए, नाव और शिकार में प्रयुक्त जाल तथा औजार बरामद हुए हैं।
अल्ट्रा इनवाइट विस्तारFollow Usजिले के रूपझर थाना क्षेत्र के कटेझिरिया के जंगल में सोमवार देर रात पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई। रात करीब 11 से 12 बजे के बीच चली गोलीबारी में सुरक्षाबलों ने जवाबी फायरिंग की। हालांकि नक्सली अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। घटना के बाद पुलिस ने जंगल में कॉम्बिंग ऑपरेशन तेज कर दिया है।
गडवार/चिलकहर। सरकार जहां एक ओर डिजिटल इंडिया और सुशासन का दावा करते है लेकिर ज़मीनी हकीकत कुछ और ही कहानी बयां कर रही है। हालत यह है कि जन्म प्रमाणपत्र जैसे बुनियादी दस्तावेज़ को बनवाना में लोगों का एक से दो हजार रुपये खर्च करना पड़ रहा है। वहीं, तहसील व ब्लाक चक्कर काटना अलग से हो जा रहा है। लोगों का आरोप है कि जन्म प्रमाणपत्र बनवाने के लिए उनसे 1000 से लेकर 2000 रुपये तक की अवैध वसूली की जा रही है। कभी सर्वर डाउन, कभी बाबू साहब छुट्टी पर तो कभी दस्तावेज़ अधूरे बताकर वापस कर दिया जाता है। पीड़िता राजकुमारी देवी, ब्रजेश पांडेय, संतोष सिंह, पंकज गुप्ता आदि का कहना है कि दो महीने से दौड़ रहे हैं। हर बार कोई नई कमी निकाल देते हैं। आखिर में साफ़ बोल दिया गया कि 1500 रुपये दे दो, तभी बनेगा।
विन वॉच, विस्तारFollow Usघर में अंडे की सब्जी बनाने को लेकर पति-पत्नी में आपस में कहासुनी हो गई। इससे क्षुब्ध होकर युवक ने फंदा लगाकर जान दे दी। मां ने देखा तो परिजनों ने उसे फंदे से उतारकर जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।







