अल्ट्रा गेम
स्टूडेंट वीडियो
वीआईपी सब्सक्राइब, Inc
टास्क
💢कूपन वेरिफाई💢
️पॉइंट्स,न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटनाPublished by:आदित्य आनंदUpdated Tue, 06 Jan 2026 11:07 AM IST
विस्तारFollow Usबलरामपुर तहसील कार्यालय में दस्तावेजों के एवज में अवैध धन मांगने का एक गंभीर मामला सामने आया है। टांगरमहरी निवासी दीपक यादव ने तहसील कार्यालय के समक्ष तख्ती लेकर धरना प्रदर्शन किया। उनका आरोप है कि तहसील कार्यालय में पदस्थ एक बाबू और चौकीदार ने उन्हें अधिकार अभिलेख जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेज उपलब्ध कराने के लिए ₹500 की रिश्वत मांगी, जबकि इसके लिए निर्धारित सरकारी शुल्क मात्र ₹10 था। दीपक यादव के पास ₹200 ही उपलब्ध थे और वह शेष ₹300 के लिए राजस्व अधिकारियों से “भीख” मांगने की बात कहते हुए धरने पर बैठे थे।
मासिक कलेक्ट,
वाराणसी ब्यूरोUpdated Sun, 11 Jan 2026 01:11 AM IST
चंबा। जिले में सोमवार को एनकार्ड समिति की जिला स्तरीय बैठक हुई, जिसकी अध्यक्षता उपायुक्त मुकेश रेपसवाल ने की। इस वर्चुअल बैठक में उन्होंने सभी उपमंडल अधिकारियों को निर्देश दिए की वे अपने-अपने क्षेत्र में गठित नशा निवारण समितियां को मजबूत करने के लिए इनमें पुलिस और पंचायती राज विभाग से रिटायर्ड अफसरों और कर्मचारियों को शामिल करें। इससे ग्रामीण और दुर्गम क्षेत्रों में भी नशे के खिलाफ चलाई जा रही मुहिम कारगर सिद्ध हो सकेगी।
Donald TrumpIranCivic Pollsसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालविक्रमादित्य सिंह की फेसबुक पर टिप्पणीT20 WCRCB vs UPकौन है अरिहा शाह?बीवी ने मरवा डाला पतिWest Bengal
डिपॉजिट वीडियो, कमेंटकमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
वीआईपी सब्सक्राइब बदायूं। परिवहन निगम में 18 नई महिला परिचालकों की भर्ती की गई है। इससे पहले 24 महिलाओं को परिचालक बनाया गया था, जो बेहतर ढंग से काम कर रहीं हैं। जल्द ही हर रूट पर महिला परिचालक दिखाई देंगी। ये नई महिला परिचालक भी स्थानीय मार्गों पर ही ड्यूटी देंगी। रात के समय इनसे ड्यूटी नहीं लगाई जाएगी।
राजधानी भोपाल के नगर निगम संचालित स्लॉटर हाउस से जुड़े एक गंभीर मामले ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पशु चिकित्सक के प्रमाणपत्र के आधार पर करीब 26 टन मांस मुंबई भेजा गया था, जिसकी जांच में बाद में गोमांस होने की पुष्टि हुई है। हैरानी की बात यह है कि दस्तावेजों में इसे भैंस का मांस बताया गया था। जानकारी के अनुसार नगर निगम के पशु चिकित्सक द्वारा जारी प्रमाणपत्र के आधार पर मांस को स्लॉटर हाउस से बाहर ले जाने की अनुमति दी गई। दिसंबर 2025 के मध्य में जारी इस प्रमाणपत्र में यह उल्लेख किया गया था कि तय मानकों के अनुसार पशुओं का वध किया गया है और मांस मानव उपभोग के लिए उपयुक्त है। इसी आधार पर मांस को फ्रीज कर कंटेनरों में भरकर मुंबई रवाना किया गया। अब इस मामले में भोपाल नगर निगम की भूमिका ही सवालों के घेरे में हैं।
कैश गेम, 😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त







