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💢कमाई रिवॉर्ड्स💢बलिया/पंदह। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत जनपद के आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चों के लिए निजी विद्यालयों में प्रवेश का अवसर मिल गया है। सत्र 2026-27 में जिले के 773 निजी मान्यता प्राप्त विद्यालयों में प्री-प्राइमरी और कक्षा एक की सीटों के सापेक्ष 25 प्रतिशत सीटों पर आरटीई के तहत प्रवेश कराया जाएगा। अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन का पत्र मिलने के बाद बेसिक शिक्षा विभाग ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
️फ्री पैसे,पूजा अर्चना करते छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम भूपेश बघेल- फोटो : अमर उजाला
विस्तारFollow Usअशोकनगर कोतवाली पुलिस ने शनिवार को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए दुर्लभ प्रजाति के रेड सैंड बोआ सांप के साथ दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस दो-मुंहे सांप की कीमत 5 करोड़ से 25 करोड़ रुपये तक बताई जाती है। आरोपियों को राजस्थान से मोटरसाइकिल द्वारा सांप लाते समय पकड़ा गया।
लाइक टास्क, कमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
अमर उजाला नेटवर्क, अम्बिकापुरPublished by:Digvijay SinghUpdated Wed, 19 Nov 2025 05:04 PM IST
अमरोहा। वो सात थे और चाचा (राशिद) अकेले...बाइक से कार छू जाने भर के बदले सातों ऐसे टूटे कि देखते-देखते राशिद बेसुध होकर जमीन पर गिर गए। उन्हें बचाने की कोशिशें कामयाब न होती देख चाची (रुखसार) उनके आगे हाथ जोड़कर मिन्नतें करने लगीं, मासूम बच्चे गिड़गिड़ाते रहे मगर बेरहम हमलावरों को न बच्चों पर तरस आया और न रुखसार की रुलाई उन्हें पिघला सकी। राशिद को गिरा-गिरा कर तब तक लात-घूंसे बरसाए, जब तक वह दम तोड़ने की नौबत तक नहीं पहुंच गए।
कूपन, विस्तारFollow Usजिले के अटरू कस्बे में बदमाशों ने अपना दबदबा बनाने के लिए मामूली बात पर एक युवक के साथ बीच सड़क पर पिटाई कर दी और घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल भी कर दिया।
दैनिक विथड्रॉ संवाद न्यूज एजेंसी, औरैयाUpdated Sun, 11 Jan 2026 11:35 PM IST
विस्तारFollow Usकहते हैं कि इंसान चला जाता है, लेकिन उसके कर्म अमर हो जाते हैं। राजस्थान के बालोतरा जिले से आई यह खबर इसी कथन को साकार करती है। महज पांच साल की उम्र में दुनिया को अलविदा कहने वाले भोमाराम ने अपने जीवन के अंतिम क्षणों में ऐसा काम कर दिया, जिसने तीन जरूरतमंद लोगों को नई जिंदगी दे दी। भोमाराम के माता-पिता ने गहरे दुख के बीच ऐसा साहसिक और मानवीय फैसला लिया, जो पूरे समाज के लिए प्रेरणा बन गया है।
छोटा लॉग इन, संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वरUpdated Mon, 12 Jan 2026 11:50 PM IST







