इनवाइट डिस्काउंट
ऑनलाइन
ट्रांसफर स्टूडेंट, Inc
पैसे विन
💢गोल्ड मोबाइल💢विस्तारFollow Usबिलासपुर में अधजली लाश मिलने से हडकंप मच गया। हत्या कर लाश ठिकाने लगाने की आशंका जताई जा रही है। पुलिस व फॉरेंसिक टीम जांच में जुटी है। दरअसल सिरगिट्टी थाना क्षेत्र के तिफरा सब्जी मंडी के पास झाड़ियों में एक युवक की अधजली लाश मिलने से सनसनी फैल गई। शुक्रवार की सुबह स्थानीय लोगों ने झाड़ियों के बीच से धुआं उठते देखा मौके पर पहुंचकर देखी तो वहा लाश पडा था और तुरंत पुलिस को सूचना दी।कुछ ही देर में सिरगिट्टी थाना पुलिस मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की।
️अतिरिक्त गेट,Civic Pollsसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालT20 WCबीवी ने मरवा डाला पतिRCB vs UPकौन है अरिहा शाह?यूपी में एसआईआरWest BengalयूपीBihar News
कूपन इंस्टेंट, सारBhadohi News:ज्ञानपुर रेलवे स्टेशन पर पत्थरबाजी की सूचना पाकर प्रशासनिक अमला पहुंच गया। घायल यात्रियों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया। करीब आधे घंटे बाद मेमू ट्रेन को रवाना किया गया।
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बाUpdated Mon, 12 Jan 2026 11:57 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बूंदीPublished by:बूँदी ब्यूरोUpdated Wed, 31 Dec 2025 07:19 PM IST
राजस्थान के सीकर जिले के नेहरा की ढाणी गांव के रहने वाले स्व. सुरेंद्र का शव मृत्यु के 56 दिन बाद शुक्रवार सुबह दुबई से जयपुर पहुंचेगा। 33 वर्षीय सुरेंद्र 27 जुलाई को रोजगार के लिए जयपुर से दुबई गए थे। लेकिन 2 अगस्त को उनकी अबूधाबी (यूएई) में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु हो गई। मृत्यु के बाद भी उनका शव भारत नहीं भेजा गया और दुबई में ही रोक लिया गया। छोटे भाई सुरजीत सिंह के दुबई जाकर डीएनए सैंपल देने के बावजूद यूएई पुलिस और भारतीय दूतावास की ओर से 19 सितंबर को कहा गया कि शव को भारत भेजने में अभी एक महीना या उससे भी अधिक समय लग सकता है।
बड़ा गेट,
विथड्रॉ कमाई चुवाड़ी के बल्ली में बना आधुनिक सामुदायिक भवन। संवाद
कमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
गेम कमाई, विस्तारFollow Usदरभंगा के राज परिवार की अंतिम महारानी कामसुंदरी देवी का निधन हो गया। वे लगभग 96 वर्ष की थीं और कुछ दिनों से बीमार चल रही थीं। महारानी कामसुंदरी देवी, महाराजा कामेश्वर सिंह की तीसरी और अंतिम पत्नी थीं। महाराजा कामेश्वर सिंह से उनकी शादी 1940 के दशक में हुई थी। महारानी कामसुंदरी देवी से पहले महाराजा की दो पत्नियां थीं, महारानी राजलक्ष्मी और महारानी कामेश्वरी प्रिया, जिनका निधन पहले ही हो चुका है।







