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💢साप्ताहिक वेरिफाई💢तेज रफ्तार 108 एंबुलेंस ने 3 साल के मासूम को कुचला- फोटो : credit
️टास्क क्लिक,विस्तारFollow Usराजधानी भोपाल में नगर निगम की गोशाला से 6 गोवंशों के मृत मिलने के बाद माहौल गरमा गया है। घटना ऐसे समय सामने आई है, जब नगर निगम का मॉडर्न स्लॉटर हाउस पहले से ही अवैध गतिविधियों के आरोपों में घिरा हुआ है। गोवंश मौत के बाद हिंदूवादी संगठनों ने गोशाला पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया और निगम प्रशासन पर लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए।
वनमंडल अंतर्गत कूप कटाई को लेकर हाल के दिनों में ग्रामीणों के बीच असमंजस और आपत्तियों की स्थिति बनी हुई थी। इसी संदर्भ में वन विभाग ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले पर स्थिति स्पष्ट की है। विभाग ने कहा है कि कूप कटाई पूरी तरह शासन के प्रावधानों पर्यावरणीय नियमों और ग्रामसभा की प्रक्रिया के अनुरूप ही की जा रही है।
प्लेटिनम अर्न, संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावतUpdated Sat, 10 Jan 2026 10:54 PM IST
चंडीगढ़ ब्यूरोUpdated Mon, 12 Jan 2026 02:39 AM IST
सारभाजयुमो के पदाधिकारियों ने कहा कि कांग्रेस पार्टी के नेता हमेशा सनातन धर्म और साधु-संतों का अपमान करते रहे हैं। भूपेश बघेल अंतरराष्ट्रीय कथा वाचक पंडित प्रदीप मिश्रा एवं पंडित धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री का विरोध कर रहे हैं।
अमर उजाला नेटवर्क, सुकमाPublished by:Digvijay SinghUpdated Fri, 09 Jan 2026 01:18 PM IST
लॉग इन, अमर उजाला नेटवर्क, रायपुरPublished by:अमन कोशलेUpdated Fri, 09 Jan 2026 04:10 PM IST
लाइक लॉग इन Civic Pollsसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालT20 WCबीवी ने मरवा डाला पतिRCB vs UPकौन है अरिहा शाह?यूपी में एसआईआरWest BengalयूपीBihar News
बिहार के शेखपुरा जिले में नल-जल योजना के तहत पंप ऑपरेटरों की बकाया मजदूरी रोकने वाले ठेकेदार के खिलाफ श्रम विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। मजदूरी भुगतान में अनियमितता ठेकेदार को भारी पड़ गई। श्रम विभाग ने बकाया राशि के बदले दस गुना जुर्माना लगाते हुए भुगतान का आदेश दिया है। साथ ही, जिले के पीएचईडी विभाग से सभी ठेकेदारों और पंप ऑपरेटरों की सूची भी मांगी गई है।
वेरिफाई, विस्तारFollow Usछतरपुर जिले में अप्रैल से नवंबर 2025 तक करीब 8 माह की अवधि में कुल 402 बच्चों की मौत का मामला सामने आया है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार इस दौरान 64 बच्चों ने रास्ते में, 83 बच्चों की घर पर और 255 बच्चों की अस्पताल में डिलीवरी के बाद उपचार के दौरान दम तोड़ा। कुल 16,912 डिलीवरी में से 402 नवजातों की मृत्यु दर्ज की गई है।







