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विस्तारFollow Usगुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय में छात्रों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। विश्वविद्यालय के तात्या भील बॉयज हॉस्टल के मेस में मामूली विवाद के दौरान मेस कर्मचारियों द्वारा छात्र को चाकू लेकर दौड़ाने और मारपीट करने की घटना सामने आई है। इस घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है। पुलिस ने तत्पर कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
ईज़ी मोबाइल, न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बोकारोPublished by:शबाहत हुसैनUpdated Wed, 31 Dec 2025 09:02 PM IST
अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय के छठवें दीक्षांत समारोह मे मुख्य अथिती के रूप में पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद शामिल हुए। कार्यक्रम की अध्यक्षता राज्यपाल रमेन डेका ने की। अति विशिष्ट अतिथि के तौर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, विशिष्ट अतिथि उपमुख्यमंत्री अरुण साव तथा उच्च शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा शामिल हुए। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के कुलपति आचार्य डॉ. दिवाकर नाथ वाजपेयी उपस्थित रहे।
बैतूल पुलिस ने धोखाधड़ी करने वाले बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया- फोटो : अमर उजाला
सारदरभंगा राज परिवार की अंतिम महारानी कामसुंदरी देवी का 96 वर्ष की आयु में निधन हो गया। वे महाराजा कामेश्वर सिंह की तीसरी पत्नी थीं।
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स्टूडेंट कलेक्ट गांव बिलाई के पास सोमवार शाम करीब साढ़े पांच बजे सड़क पर गिरी मैली पर फिसलने से अनियंत्रित होकर बाइक आगे चली रही मैली से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली से टकरा गई। हादसे में बाइक सवार प्रशांत कुमार उर्फ शिवम (16) पुत्र ओमप्रकाश व उसकी मां बीना देवी (42) निवासी ग्राम रुखड़ियो थाना नहटौर की मौके पर ही मौत हो गई। घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने रुखड़ियो के सामने नहटौर-झालू रोड पर जाम लगा दिया।
सारप्रदेश में सबसे कम बारिश के कारण बेमेतरा जिला आगामी ग्रीष्म ऋतु में गंभीर पेयजल संकट की आशंका से जूझ रहा है। इस मानसून में जिले में औसत वार्षिक वर्षा 906 मिमी के मुकाबले मात्र 552 मिमी वर्षा दर्ज की गई है।
कूपन ट्रांसफर, गणतंत्र दिवस 26 जनवरी 2026 के अवसर पर मध्यप्रदेश सरकार ने जेलों में बंद आजीवन कारावास के बंदियों को बड़ी राहत दी है। जेल विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार प्रदेश की विभिन्न जेलों में बंद कुल 481 आजीवन दंडित बंदियों के मामलों पर विचार किया गया, जिनमें से 87 बंदियों को समयपूर्व रिहाई के लिए पात्र पाया गया है। वहीं, 394 बंदियों को निर्धारित शर्तें पूरी न होने के कारण अपात्र घोषित किया गया है। यह निर्णय दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 तथा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की संबंधित धाराओं के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लिया गया है। राज्य सरकार ने अपने पूर्व आदेश के तहत गठित प्रक्रिया के अनुसार प्रत्येक प्रकरण में कानूनी प्रावधानों, बंदियों के आचरण, अपराध की पृष्ठभूमि और अन्य तथ्यों का गहन परीक्षण किया।







