लाइक गेट
विज़िट फ्री
डिस्काउंट टास्क, Inc
रजिस्टर इनवाइट
💢फ्री💢252 करोड़ से ज्यादा की राशि वितरित- फोटो : अमर उजाला
️वेरिफाई ट्रांसफर,कमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
TOP NewsBangladeshUSमंत्री विक्रमादित्य की फेसबुक पर टिप्पणीआज का शब्दDonald Trumpबर्फीली हवाओं ने बढ़ाई कंपकंपीTariff ThreatMaharashtraसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछाल
रिसीव गेम,
वेस्टर्न डिस्टरबेंस का असर खत्म होते ही राजस्थान में एक बार फिर सर्द हवाएं चलने लगी हैं। रात के न्यूनतम तापमान में गिरावट के साथ ठंड तेज हो गई है। वहीं घने कोहरे के कारण बीकानेर संभाग और आसपास के जिलों में जनजीवन प्रभावित हो रहा है। कई ट्रेनों और हवाई उड़ानों पर भी इसका असर देखने को मिल रहा है।
कमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
सारबूंदी पुलिस ने जयपुर के सिंधी कैम्प बस स्टैंड पर नाबालिग के साथ दुष्कर्म के आरोप में दो आरोपियों को हिरासत में लिया है। मामले में एक आरोपी को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है।
रजिस्टर शेयर, वाराणसी ब्यूरोUpdated Tue, 13 Jan 2026 01:05 AM IST
पॉइंट्स न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोटाPublished by:कोटा ब्यूरोUpdated Tue, 25 Nov 2025 04:41 PM IST
चंबा। वन मंडल चंबा में कशमल की जड़ों के दोहन को लेकर स्थानीय लोग व ठेकेदार आमने सामने हो गए हैं। अब तक ठेकेदार लोगों को दस रुपये प्रति किलो की दर से कशमल जड़ों का दाम दे रहे थे जबकि दवा कंपनियों को ऊंचे दामों पर बेच रहे थे। इसकी भनक लगते ही स्थानीय लोग दाम बढ़ाने की मांग पर अड़ गए हैं। अब वे दस रुपये की जबह 18 रुपये प्रति किलो दाम देने की मांग कर रहे हैं। यह दाम चुकाने के लिए ठेकेदार तैयार नहीं हाे रहे हैं। इसके चलते कशमल दोहन क्षेत्र में थम गया है। हालांकि, कुछ इलाकों में लोग इसके दोहन का विरोध भी कर रहे हैं। कुछ मात्रा में उन्होंने उखाड़ी गई कशमल को जलाया भी है। फिलहाल क्षेत्र के लोग अब दाम बढ़ाने की मांग पर अड़े हैं। ऐसे में यह मामला अब लोगों व ठेकेदार के बीच में फंस गया है। विभाग चाहकर भी इसमें कोई हस्तक्षेप नहीं कर सकता। विभाग के कर्मचारी सही तरीके से कशमल दोहन पर निगरानी रख सकते हैं। ये जड़ें स्थानीय लोग किस दाम पर बेच रहे हैं और ठेकेदार आगे किस दाम पर बेच रहा है, इसमें उनका कोई लेना-देना नहीं है।
मेगा अर्न,







