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️डाउनलोड डिपॉजिट,न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दमोहPublished by:अनूपपुर ब्यूरोUpdated Mon, 27 Oct 2025 08:58 AM IST
सारसालेबर्डी गांव में तालाब से जेठ प्रकाश रहांगडाले और उनकी बहू सीमा के शव मिलने से सनसनी फैल गई। दोनों शनिवार से लापता थे। मौके से बाइक, चप्पलें और कीटनाशक की बोतल मिली। शवों पर चोट नहीं मिली। पुलिस जहर या डूबने की आशंका पर जांच में जुटी है, पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट अहम होगी।
प्लेटिनम टास्क, सारसेनेटरी पैड के कार्टनों की आड़ में अवैध रूप से गुजरात ले जाई जा रही करीब सवा पांच लाख रुपये की अवैध शराब पकड़कर पुलिस ने कंटेनर ड्राइवर को हिरासत में लिया है।
अयोध्या। सिविल लाइन स्थित गांधी पार्क में कांग्रेस पार्टी ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) से राष्ट्र पिता महात्मा गांधी का नाम हटाए जाने के विरोध में उपवास रखा। योजना के प्रारूप में किए जा रहे बदलावों के विरोध में एक दिवसीय उपवास रखा गया। जिला अध्यक्ष चेत नारायण सिंह ने कहा कि मनरेगा केवल एक योजना नहीं, बल्कि ग्रामीण भारत की जीवनरेखा है। मनरेगा के प्रारूप में बदलाव और गांधी जी का नाम हटाने की मंशा यह दर्शाती है कि केंद्र सरकार की नीयत और नीति दोनों ही मजदूर-किसान विरोधी हैं।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेरPublished by:अजमेर ब्यूरोUpdated Mon, 22 Dec 2025 06:54 PM IST
बांदा। इंदौर में दूषित पानी पीने से हुई मौतों से भी जिम्मेदार सबक नहीं ले रहे हैं। जवाहर नगर के पास स्थित आसरा कॉलोनी के करीब 200 परिवार खारा व मटमैला पानी पी रहे हैं। कॉलोनी में पेट में जलन, दस्त व पेट फूलने जैसी शिकायतें आम हो गईं हैं। शुद्ध पेयजल आपूर्ति का दावा करने वाले सब कुछ जानते हुए भी चुप हैं। डेढ़ दशक पूर्व बनी पानी की टंकी की आजतक सफाई नहीं हुई। कॉलोनी के लोगों का कहना है कि जिस बर्तन में पानी भर कर रख दो वह काला पड़ जाता है। दाल, सब्जी घंटों नहीं पकती। घर आने वाला मेहमान पानी पीते ही शौच के लिए भागता है।
कमाई,
इंस्टेंट छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले में शराब के नशे में धुत बड़े भाई ने शराब पीने के लिए पैसे न देने पर अपने छोटे भाई की लोहे के सब्बल से वार कर निर्मम हत्या कर दी। यह वारदात देवरबीजा पुलिस चौकी क्षेत्र में हुई। पुलिस ने आरोपी बड़े भाई जगमोहन देशलहरे को गिरफ्तार कर लिया है।
विस्तारFollow Us'जिन्हें नसीब नहीं छत, उनकी करें बात, सर्द हवाओं में खुले आसमां तले गुजर रही रात' किसी कवि की कविता की यह पंक्तियां बांसवाड़ा जिले में उन लोगों पर सटीक बैठ रही है, जो बेघर और जरूरतमंद हैं। सर्द हवाओं में जरूरतमंद ठिठुरने को मजबूर हैं, लेकिन जिला प्रशासन और नगर परिषद ने अभी तक ऐसे परिवारों को राहत देने के लिए कोई कदम नहीं उठाया है।
फ्री कम्पलीट, न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेरPublished by:अजमेर ब्यूरोUpdated Mon, 29 Dec 2025 10:44 PM IST







