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💢लॉग इन विन💢सारपॉक्सो एक्ट के तहत आजीवन कारावास की सजा सुनाए जाने के दूसरे दिन 22 वर्षीय कैदी ने जेल की छत से कूदकर आत्महत्या कर ली। वर्ष 2022 में गांव की ही एक नाबालिग को भगा ले जाने के मामले में आरोपी पर प्रकरण दर्ज किया गया था।
️ट्रांसफर गेम,संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावतUpdated Sat, 10 Jan 2026 10:42 PM IST
विस्तारFollow Usमध्य प्रदेश में बारिश का स्ट्रांग सिस्टम एक्टिव होने से मंगलवार को कई जिलों में तेज बारिश का दौर रहा। इंदौर में 9 घंटे में ढाई इंच से ज्यादा पानी गिरा। जबकि रायसेन और नर्मदापुरम में आधा इंच बारिश हुई। बैतूल, गुना, ग्वालियर, खरगोन, पचमढ़ी, उज्जैन, दमोह, मंडला, सिवनी में भी बारिश हुई। राजधानी भोपाल में भी शाम को तेज बारिश का दौर शुरू हो गया।
साइन अप बोनस,
सारBihar : समस्तीपुर में भू माफियाओं ने एक सेवा निवृत फौजी को फर्जी तरीके से कागजों में मृत घोषित कर उनकी जमीन हड़पने की कोशिश की थी। अब एक दूसरे शहर में 9 साल पहले मृत महिला को कागज में जिंदा कर दिया। इस कहानी में भी मकसद कुछ ऐसा ही है।
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रजिस्टर साइन अप इंदौर में दूषित पानी से हुई मौतों ने मध्यप्रदेश की जल गुणवत्ता जांच व्यवस्था की गंभीर पोल खोल दी है। इस घटना के बाद जांच की सुई सीधे लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE) विभाग पर टिक गई है, जो प्रदेश में पेयजल और औद्योगिक जल की गुणवत्ता जांच का जिम्मा संभालता है। हैरानी की बात यह है कि प्रदेशभर में 155 प्रयोगशालाएं होने के बावजूद पूरे मध्यप्रदेश में सिर्फ तीन नियमित केमिस्ट पदस्थ हैं।
बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा, राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के मंत्री बनते ही विभागीय सिस्टम को सुधारने मेंभ्रष्टाचार की जमीन खोदने लगे। लिहाजा भ्रष्ट अधिकारी और भूमाफियाओं के बीच हड़कंप मच गया। लेकिन इसके बाद भी समस्तीपुर में भू माफियाओं के द्वारा रिटायर्ड फौजी को फर्जी तरीके से कागजों में मृत घोषित कर उनकी जमीन हड़पने की कोशिश करने का मामला सामने आया। यहां तक कि वह सीमा पर दुश्मन देश से लड़ने वाला फौजी अपने ही प्रदेश में सीने पर “साहेब मैं जिंदा हूँ”लिखी तख्ती लगाकर सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने पर मजबूर हो गया। अब ऐसा ही मामला भागलपुर से सामने आया है, जहां भू-माफियाओं ने करीब 9 साल पहले मर चुकी एक महिला को सरकारी दस्तावेजों में 'जिंदा' कर दिया और फिर फर्जी शपथपत्र के जरिए जमीन का दाखिल-खारिज भी करा लिया। मामला संज्ञान में आने के बाद प्रशासनिक अधिकारी भी हैरान हो रहे हैं।
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