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💢प्रीमियम लाइक💢सारपॉक्सो एक्ट के तहत आजीवन कारावास की सजा सुनाए जाने के दूसरे दिन 22 वर्षीय कैदी ने जेल की छत से कूदकर आत्महत्या कर ली। वर्ष 2022 में गांव की ही एक नाबालिग को भगा ले जाने के मामले में आरोपी पर प्रकरण दर्ज किया गया था।
️पैसे,विस्तारFollow Usछत्तीसगढ़ में दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के रायपुर रेल मंडल के हथबंद–तिल्दा नेवरा रेलखंड पर चल रहा रोड अंडर ब्रिज (RUB) निर्माण कार्य यात्रियों के लिए परेशानी का कारण बनने वाला है। इस सेक्शन में तकनीकी कार्य के चलते रेलवे ने सीमित अवधि के लिए ट्रैफिक पावर ब्लॉक लिया है, जिससे कई यात्री ट्रेनों का संचालन प्रभावित होगा।
Civic Pollsसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालT20 WCबीवी ने मरवा डाला पतिRCB vs UPकौन है अरिहा शाह?यूपी में एसआईआरWest BengalयूपीBihar News
मेगा ऑफर, सर्व आदिवासी समाज बस्तर संभाग की एक महत्वपूर्ण सम्भागीय बैठक आगामी 11 जनवरी 2026 (रविवार) को कोया कुटमा भवन, परपा, जगदलपुर में आयोजित की जाएगी। बैठक का आयोजन सुबह 11 बजे से किया जाएगा, जिसमें बस्तर संभाग के सभी जिलों के पदाधिकारी एवं विभिन्न आदिवासी समाजों के अध्यक्ष शामिल होंगे।
विस्तारFollow Usविदेश प्रशिक्षण नोड, महाजन फील्ड फायरिंग रेंज (राजस्थान) में भारत और यूनाइटेड किंगडम का संयुक्त सैन्य अभ्यास ‘AJEYA WARRIOR-25’ आज से शुरू हो गया। यह अभ्यास आठवां संस्करण है, जो 17 से 30 नवंबर 2025 तक चलेगा। दोनों देशों की सेनाओं के 240 जवान, बराबर संख्या में शामिल हैं। भारतीय सेना का प्रतिनिधित्व सिख रेजीमेंट के सैनिक कर रहे हैं। यह जानकारी रक्षा मंत्रालय ने साझा की।
इनाम, चरखी दादरी। यातायात नियम महज नियम नहीं बल्कि जीवन बचाने के लिए बेहद जरूरी हैं। इसी उद्देश्य के साथ दादरी आरटीए सचिव मनोज कुमार के मार्गदर्शन में आरटीए विभाग की ओर से सोमवार को स्थानीय अग्रसेन धर्मशाला में एक गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में स्कूल संचालकों, प्राचार्यों और शहर के सामाजिक संगठनों के पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया और सड़क सुरक्षा जैसे गंभीर विषय पर मंथन किया। कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने प्रश्न भी पूछे और सुझाव साझा कर विचार-विमर्श किया। मंच संचालन डॉ. ललित महाजन ने किया।
डाउनलोड भोपाल के पं. खुशीलाल आयुर्वेदिक महाविद्यालय ने किडनी स्टोन (पथरी) के इलाज को लेकर बड़ा दावा किया है। महाविद्यालय में किए गए 90 दिन के शोध में सामने आया है कि आयुर्वेदिक काढ़े के नियमित सेवन से 73 प्रतिशत मरीजों को बिना ऑपरेशन और बिना लेजर इलाज के राहत मिली है। शोध के दौरान कई मरीजों में पथरी का आकार धीरे-धीरे कम हुआ, जबकि कुछ मामलों में पथरी पूरी तरह शरीर से बाहर निकल गई। यह शोध किडनी स्टोन से पीड़ित उन मरीजों पर किया गया, जो लंबे समय से दर्द, जलन और पेशाब संबंधी समस्याओं से जूझ रहे थे। शोध के दौरान मरीजों को विशेष आयुर्वेदिक औषधियों से तैयार काढ़ा दिया गया। इसके साथ ही खानपान, जीवनशैली और पानी पीने को लेकर जरूरी दिशा-निर्देश भी दिए गए। उपचार शुरू होने के कुछ ही हफ्तों में अधिकांश मरीजों को दर्द से राहत मिलने लगी और पथरी से जुड़ी परेशानियां कम होती चली गईं।
अमर उजाला ब्यूरोUpdated Sun, 11 Jan 2026 12:33 AM IST
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