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लालू यादव बिहार की राजनीति से गुम होते जा रहे, वजह समझिए यहां।- फोटो : अमर उजाला डिजिटल
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बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा, राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के मंत्री बनते ही विभागीय सिस्टम को सुधारने मेंभ्रष्टाचार की जमीन खोदने लगे। लिहाजा भ्रष्ट अधिकारी और भूमाफियाओं के बीच हड़कंप मच गया। लेकिन इसके बाद भी समस्तीपुर में भू माफियाओं के द्वारा रिटायर्ड फौजी को फर्जी तरीके से कागजों में मृत घोषित कर उनकी जमीन हड़पने की कोशिश करने का मामला सामने आया। यहां तक कि वह सीमा पर दुश्मन देश से लड़ने वाला फौजी अपने ही प्रदेश में सीने पर “साहेब मैं जिंदा हूँ”लिखी तख्ती लगाकर सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने पर मजबूर हो गया। अब ऐसा ही मामला भागलपुर से सामने आया है, जहां भू-माफियाओं ने करीब 9 साल पहले मर चुकी एक महिला को सरकारी दस्तावेजों में 'जिंदा' कर दिया और फिर फर्जी शपथपत्र के जरिए जमीन का दाखिल-खारिज भी करा लिया। मामला संज्ञान में आने के बाद प्रशासनिक अधिकारी भी हैरान हो रहे हैं।
इंद्रावती नेशनल पार्क के कुटरू कोर परिक्षेत्र के केरपे के जंगल मे एक शिक्षादूत पर भालू ने हमला कर उसे गंभीर रूप से जख्मी कर दिया है। घायल अवस्था मे शिक्षादूत को पड़ोसी राज्य महाराष्ट्र के हेमलकसा अस्पताल ले जाकर उसका इलाज कराया जा रहा है।
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छोटा फ्रेंड्स संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बाUpdated Sun, 11 Jan 2026 07:33 AM IST
भोपाल के हबीबगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत ई-6 अरेरा कॉलोनी में रहने वाले एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। युवक अविवाहित था और करीब चार वर्षों से एक युवती के साथ संबंध में था। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में प्रेम संबंध टूटने के बाद युवक के अवसाद में होने की बात सामने आई है।
टास्क, विस्तारFollow Usजाति है कि जाती नहीं... बिहार के लिए हमेशा यह कहा जाता रहा है। चुनावों में तो खासकर। लेकिन, बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में नीतीश कुमार सरकार की वापसी के लिए मतदाताओं ने इन कहावतों को किनारे कर एकतरफा मतदान किया। परिणाम सामने है। यादव और मुस्लिम के नाम का समीकरण रखने वाली पार्टी बुरी तरह पराजित हुई। इसके साथ ही एक बात चर्चा में आ गई कि अरसे बाद बिहार विधानसभा एक खास जाति के दबदबे से बाहर निकल रहा है। इस बार विधायकों का जातीय समीकरण बहुत हद तक अलग है। दलित भी खूब हैं, सवर्ण भी मजबूत। देखिए, पूरा गणित।







