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💢ऑनलाइन पैसे💢लाखों-करोड़ों दिलों पर राज करने वाले 60-70 के दशक के लोकप्रिय अभिनेता धर्मेंद्र की तबीयत बिगड़ गई है। उन्हें मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। धर्मेंद्र को उम्र संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। उनके फैंस लगातार उनके जल्दी ठीक होने के लिए प्रार्थनाएं कर रहे हैं। अमर उजाला से बातचीत में उनके करीबी दोस्त अवतार गिल ने धर्मेंद्र की सेहत पर अपडेट देते हुए बताया है कि उन पर दवाइयों का असर भी नहीं हो रहा है।
️डाउनलोड,चंडीगढ़। सारंगपुर स्थित एनएमआईएमएस यूनिवर्सिटी के पास इनोवा कार की टक्कर से बाइक सवार एक छात्र की मौत हो गई, जबकि उसका दोस्त गंभीर रूप से घायल हो गया। सारंगपुर थाना पुलिस ने कार चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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ऐप, Chhindwara Newsलुधियाना में लूटAmritsarShahdol NewsBihar NewsJalandharरेवाड़ी में पुलिस की बड़ी कार्रवाईMP NewsMunger NewsBihar
ललित कुमार सिंहUpdated Sat, 10 Jan 2026 11:34 AM IST
अमर उजाला नेटवर्क, बेमेतराPublished by:Digvijay SinghUpdated Sat, 15 Nov 2025 02:23 PM IST
बड़ा डिपॉजिट, लुधियाना के हलवारा के गांव सुधार के गैंगस्टर नवप्रीत सिंह धालीवाल की कनाडा में हत्या हुई है। कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया स्थित एबॉट्सफोर्ड शहर में गोलियों से भून कर उसकी हत्या कर दी गई। अकाली दल बादल के सीनियर नेता और ब्लॉक समिति के पूर्व चेयरमैन मेहर सिंह धालीवाल ने बताया कि नवप्रीत सिंह धालीवाल रिश्तेदारी में उनका पोता लगता था। उसके दादा नाजर सिंह चचेरे भाई थे। नवप्रीत सिंह धालीवाल के पिता गुरजिंदर सिंह धालीवाल 1995 में सुधार से कनाडा चले गए थे और नवप्रीत सिंह धालीवाल का जन्म कनाडा में ही हुआ था।
प्रीमियम सर्वे विस्तारFollow Usगणतंत्र दिवस 26 जनवरी 2026 के अवसर पर मध्यप्रदेश सरकार ने जेलों में बंद आजीवन कारावास के बंदियों को बड़ी राहत दी है। जेल विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार प्रदेश की विभिन्न जेलों में बंद कुल 481 आजीवन दंडित बंदियों के मामलों पर विचार किया गया, जिनमें से 87 बंदियों को समयपूर्व रिहाई के लिए पात्र पाया गया है। वहीं, 394 बंदियों को निर्धारित शर्तें पूरी न होने के कारण अपात्र घोषित किया गया है। यह निर्णय दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 तथा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की संबंधित धाराओं के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लिया गया है। राज्य सरकार ने अपने पूर्व आदेश के तहत गठित प्रक्रिया के अनुसार प्रत्येक प्रकरण में कानूनी प्रावधानों, बंदियों के आचरण, अपराध की पृष्ठभूमि और अन्य तथ्यों का गहन परीक्षण किया।
फ्री गेट, अमर उजाला ब्यूरो, बरेली/बदायूंPublished by:मुकेश कुमारUpdated Mon, 12 Jan 2026 10:44 AM IST







