सुपर विन
विथड्रॉ टास्क
नया क्लिक, Inc
फ्री कमाई
💢विशेष फ्री💢सारभोपाल नगर निगम की अरवलिया गोशाला में 6 गोवंश मृत मिलने से हड़कंप मच गया। हिंदूवादी संगठनों ने गोशाला पहुंचकर प्रदर्शन किया और निगम पर लापरवाही का आरोप लगाया। गेट पर ताला मिलने के बाद पुलिस की मौजूदगी में अंदर जाकर शव मिले, जबकि 4 गोवंश गंभीर हालत में पाए गए।
️सुपर रिवॉर्ड्स,बीकानेर में देशनोक रेलवे स्टेशन से गुजर रही बीकानेर-बांद्रा रेलगाड़ी के एसी कोच के नीचे अचानक धुआं उठने से यात्रियों में हड़कंप मच गया। मौके पर रेलकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए ट्रेन में मौजूद अग्निशमन गैस सिलेंडर से छिड़काव किया, जिसके बाद स्थिति पर काबू पाया गया।
😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
पॉइंट्स साइन अप, भदोही। मूंसीलाटपुर में सोमवार को बिजली कनेक्शन काटने गई बिजली निगम की टीम के साथ ग्रामीणों ने मारपीट की। घटना से नाराज बिजली कर्मचारियों ने कोतवाली में प्रदर्शन किया। तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की।
विस्तारFollow Usमध्यप्रदेश के बैतूल जिले में डिजिटल अरेस्ट के नाम पर साइबर ठगी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। बीते एक माह के भीतर यह दूसरी बड़ी घटना है, जिसमें ठगों ने खुद को दिल्ली पुलिस बताकर एक सेवानिवृत्त बैंक अधिकारी को निशाना बनाया और लाखों रुपये की ठगी कर ली।
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुरUpdated Sun, 11 Jan 2026 11:38 PM IST
अमर उजाला नेटवर्क, बेमेतराPublished by:Digvijay SinghUpdated Mon, 10 Nov 2025 04:35 PM IST
कम्पलीट लाइक, संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावतUpdated Mon, 12 Jan 2026 12:38 AM IST
गेट कैश बैतूल में आरएसएस पदाधिकारी से मारपीट के बाद तनाव बढ़ गया।- फोटो : अमर उजाला
Donald TrumpIranCivic Pollsसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालविक्रमादित्य सिंह की फेसबुक पर टिप्पणीT20 WCRCB vs UPकौन है अरिहा शाह?बीवी ने मरवा डाला पतिWest Bengal
इनाम मोबाइल, विस्तारFollow Usजाति है कि जाती नहीं... बिहार के लिए हमेशा यह कहा जाता रहा है। चुनावों में तो खासकर। लेकिन, बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में नीतीश कुमार सरकार की वापसी के लिए मतदाताओं ने इन कहावतों को किनारे कर एकतरफा मतदान किया। परिणाम सामने है। यादव और मुस्लिम के नाम का समीकरण रखने वाली पार्टी बुरी तरह पराजित हुई। इसके साथ ही एक बात चर्चा में आ गई कि अरसे बाद बिहार विधानसभा एक खास जाति के दबदबे से बाहर निकल रहा है। इस बार विधायकों का जातीय समीकरण बहुत हद तक अलग है। दलित भी खूब हैं, सवर्ण भी मजबूत। देखिए, पूरा गणित।







