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💢डायमंड डिस्काउंट💢विस्तारFollow Usबरेली में दो दिन धूप निकलने के बाद मौसम ने फिर पलटी मारी। सोमवार को सुबह कोहरा छाया रहा। सुबह 11 बजे के बाद धूप निकली तो लोगों को थोड़ी राहत मिली। हालांकि शीतलहर से चलने ठिठुरन और गलन बरकरार है। रविवार की रात प्रदेश में बरेली जिला सबसे ज्यादा ठंडा रहा। न्यूनतम तापमान चार डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच गया।
️फ्री टास्क,विस्तारFollow Usशहर में दिनभर बनी तनावपूर्ण स्थिति के बीच पुलिस विभाग के अथक प्रयासों और प्रशासनिक तत्परता ने भाटापारा में शांति व्यवस्था को बनाए रखा। दिनभर की गहमागहमी किसी भी वक्त उग्र रूप ले सकती थी, लेकिन पुलिस टीम की मुस्तैदी और शहर के वरिष्ठ नागरिकों की समझदारी ने हालात को बिगड़ने नहीं दिया।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बड़वानीPublished by:बड़वानी ब्यूरोUpdated Mon, 17 Nov 2025 04:14 PM IST
मासिक बोनस, सारMP News: बालाघाट में मादा बाघ की संदिग्ध मौत और उसके शव को गुपचुप जलाने के मामले ने वन विभाग में हड़कंप मचा दिया है। डीएफओ अधर गुप्ता और उनके अधीनस्थों पर नियमों का उल्लंघन और मामले को दबाने के आरोप लगे हैं। विधायक की शिकायत और विभागीय लापरवाही के कारण मामले की जांच तेज़ कर दी गई है।
बलरामपुर के हरैया सतघरवा में घने कोहरे के बीच लाइट जलाकर गुजरते वाहन ।-संवाद
सऊदी अरब से 36 दिन बाद वतन लौटी दिवंगत रमेश कुमार की देह- फोटो : अमर उजाला
अल्ट्रा फ्रेंड्स, संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकीUpdated Tue, 13 Jan 2026 02:03 AM IST
सर्वे डिपॉजिट नवाबगंज। शराब के नशे में चालक ने डंपर से मकान को क्षतिग्रस्त कर दिया।
विस्तारFollow Usमकर संक्रांति का पर्व, जो पारंपरिक रूप से खिचड़ी के बिना अधूरा सा लगता है, इस वर्ष एक विशेष संयोग के कारण अपने पारंपरिक स्वरूप में नहीं मनाया जा सकेगा। 14 जनवरी को मकर संक्रांति के साथ-साथ षटतिला एकादशी का भी पर्व पड़ रहा है, जो 19 वर्षों बाद ऐसा संयोग है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, एकादशी के दिन चावल से बनी किसी भी सामग्री का सेवन वर्जित होता है।
लाइक टास्क, अमरोहा। वो सात थे और चाचा (राशिद) अकेले...बाइक से कार छू जाने भर के बदले सातों ऐसे टूटे कि देखते-देखते राशिद बेसुध होकर जमीन पर गिर गए। उन्हें बचाने की कोशिशें कामयाब न होती देख चाची (रुखसार) उनके आगे हाथ जोड़कर मिन्नतें करने लगीं, मासूम बच्चे गिड़गिड़ाते रहे मगर बेरहम हमलावरों को न बच्चों पर तरस आया और न रुखसार की रुलाई उन्हें पिघला सकी। राशिद को गिरा-गिरा कर तब तक लात-घूंसे बरसाए, जब तक वह दम तोड़ने की नौबत तक नहीं पहुंच गए।







