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💢लाइक लॉग इन💢‘रील स्टार’ विवाद पर जिला कलेक्टर टीना डाबी की प्रतिक्रिया- फोटो : अमर उजाला
️पुराना रजिस्टर,सारआने वाले कुछ दिनों तक राहत का यह सिलसिला जारी रह सकता है। हालांकि जनवरी का महीना अभी बाकी है। आने वाले दिनों में पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से मौसम एक बार फिर करवट ले सकता है।
सारबालाघाट में ‘नो हेलमेट-नो राइड’ अभियान के दौरान एसपी आदित्य मिश्रा और पूर्व विधायक उमाशंकर मुंजारे आमने-सामने आ गए। बिना हेलमेट बाइक चलाने पर एसपी ने 2300 रुपये का चालान काटा, जिसके बाद दोनों के बीच बहस हो गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
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विस्तारFollow Usकेंद्र सरकार की ओर से महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) में किए जा रहे बदलावों के विरोध में अजमेर देहात कांग्रेस कमेटी ने नसीराबाद में “मनरेगा बचाओ संग्राम” के तहत एक दिवसीय उपवास आयोजित किया। इस दौरान कांग्रेस नेताओं, कार्यकर्ताओं और मनरेगा श्रमिकों ने शांतिपूर्ण तरीके से केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ विरोध दर्ज कराया।
अमर उजाला नेटवर्क, बेमेतराPublished by:Digvijay SinghUpdated Thu, 08 Jan 2026 08:25 PM IST
जिला कलेक्टर टीना डाबी ने सुनी ग्रामीणों को समस्याएं।- फोटो : अमर उजाला
कमेंट ऐप, सारबलौदाबाजार-भाटापारा जिले में बार नवापारा क्षेत्र के ग्राम हरदी में मंगलवार सुबह चार हाथी, जिनमें एक शावक भी शामिल था, करीब 15 फीट गहरे कुएं में गिर गए। बताया जा रहा है कि अंधेरे और फिसलन भरे रास्ते के कारण यह हादसा हुआ।
मासिक कलेक्ट T20 WCसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालWest Bengalविकसित भारत युवा नेतृत्व संवादकौन है अरिहा शाह?यूपी में एसआईआरयूपीBihar Newsप्रत्यक्ष कर संग्रह में 9% का उछालदिल्ली में फिर टूटा ठंड का रिकॉर्ड
बाराबंकी। शनिवार को जिला अस्पताल में मौसम में आए बदलाव का सीधा असर देखने को मिला। अस्पताल में सर्दी, जुकाम, बुखार और सांस संबंधी बीमारियों से पीड़ित मरीजों की संख्या काफी अधिक रही। अस्पताल में मरीजों की इतनी भीड़ थी कि उन्हें इलाज के लिए घंटों इंतजार करना पड़ा। कई मरीज तो लंबी प्रतीक्षा के बाद भी बिना इलाज के ही लौट गए।
बड़ा सर्वे, विस्तारFollow Usआज भी गांव-कस्बों के लोग सड़क, पानी और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं और जब कभी सरकारी इंजीनियर या ठेकेदार विकास का चोला ओढ़कर गांव पहुंचते हैं तो वहां भी लूट-खसोट का खेल शुरू हो जाता है। ऐसा ही एक चौंकाने वाला मामला बालोतरा जिले में सामने आया है, जहां ग्रामीणों का वर्षों का इंतजार एक रात की हेराफेरी में बदल गया।







