मेगा सर्वे
विशेष अर्न
अतिरिक्त अर्न, Inc
इंस्टेंट
💢स्टूडेंट वीडियो💢पहाड़ों पर हुई भारी बर्फबारी का सीधा असर अब मैदानी इलाकों में दिख रहा है। मध्यप्रदेश में उत्तर से आ रही बर्फीली हवाओं ने ठंड की धार और तेज कर दी है। खासकर ग्वालियर-चंबल संभाग सबसे ज्यादा प्रभावित है, जहां दिन की धूप भी राहत नहीं दे पा रही और रातें कंपकंपाने को मजबूर कर रही हैं। सोमवार सुबह घना कोहरा और सर्द हवाओं का मेल लोगों के लिए दोहरी मार बन गया। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले चार दिन तक इसी तरह की सख्त ठंड बनी रहेगी, जबकि भोपाल और इंदौर में पारा 10 डिग्री से नीचे रह सकता है।मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, प्रदेश के ऊपरी हिस्से में स्थित होने के कारण ग्वालियर-चंबल में ठंड का असर ज्यादा तीखा है। ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर और दतिया में दिन के तापमान में मामूली बढ़ोतरी के बावजूद रात का पारा लगातार 10 डिग्री से नीचे बना हुआ है। रविवार को ग्वालियर में अधिकतम तापमान 21.5, दतिया में 20.1 और श्योपुर में 21.4 डिग्री दर्ज किया गया, लेकिन रात की ठंड ने लोगों को अलाव और हीटर का सहारा लेने पर मजबूर कर दिया।
️सुपर विन,राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू बैतूल के कारीगर बलदेव वाघमारे को सम्मानित करते हुए- फोटो : अमर उजाला
गेम इनवाइट,
चंबा। परेल के पास रावी नदी के किनारे न तो लोक निर्माण विभाग और न ही पंचायत सड़क का निर्माण करवा रही है तो आखिरकार दो से तीन मशीनें लगाकर सड़क निर्माण करना अब पहेली बन गया है। हैरानी की बात तो यह है कि इसके लिए न तो वन विभाग की अनुमति ली गई है और न ही प्रशासन को इसके बारे में पता है। हालांकि अब अमर उजाला में खबर प्रकाशित होते ही प्रशासन ने इस मामले की जांच करवाएगा।
कांग्रेस नेता पर गोलीबारी और तलवार के हमले के बाद मची अफरातफरी- फोटो : अमर उजाला
चंडीगढ़ ब्यूरोUpdated Mon, 12 Jan 2026 02:40 AM IST
गेट सब्सक्राइब, संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बाUpdated Sun, 11 Jan 2026 06:55 AM IST
कमेंट सब्सक्राइब सारWeather Forecast: मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क और सावधान रहने की अपील की है। कोहरे के कारण सड़क यातायात और विमान परिचालन प्रभावित हो सकता है। वाहन चालकों को धीमी गति से चलने, फॉग लाइट का उपयोग करने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।
सारबीकानेर में शुरू हुआ इंटरनेशनल कैमल फेस्टिवल 2026 राजस्थान की जीवंत लोक-संस्कृति और ऊंटों से जुड़ी परंपराओं का भव्य उत्सव बनकर उभरा है। तीन दिन तक चलने वाले इस आयोजन में सजे-धजे ऊंट, लोक कलाकारों की प्रस्तुतियां, पारंपरिक वेशभूषा, हेरिटेज वॉक और स्थानीय व्यंजनों की खुशबू ने शहर को उत्सव के रंग में रंग दिया है।
पॉइंट्स शेयर, वाराणसी ब्यूरोUpdated Sun, 11 Jan 2026 01:34 AM IST







