विशेष गेट
वेरिफाई फ्रेंड्स
गोल्ड रजिस्टर, Inc
अल्ट्रा इनवाइट
💢रजिस्टर लॉग इन💢न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, भागलपुरPublished by:कृष्ण बल्लभ नारायणUpdated Sat, 27 Dec 2025 09:26 PM IST
️पैसे कलेक्ट,मछली का जाल निकालते समय तालाब में डूबा युवक, मौत- फोटो : अमर उजाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बुरहानपुरPublished by:बुरहानपुर ब्यूरोUpdated Sun, 31 Aug 2025 01:31 PM IST
ऑफर कम्पलीट, 😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भिंडPublished by:ग्वालियर ब्यूरोUpdated Sun, 28 Dec 2025 05:06 PM IST
कमेंटकमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
कमाई डिस्काउंट, विस्तारFollow Usबदायूं के आंबेडकर छात्रावास के पीछे स्थित नगर पालिका के ओवरहेड टैंक की सफाई के नाम पर पिछले पांच दिनों से पानी की आपूर्ति पूरी तरह बंद कर दी गई है। इससे जुड़े पांच वार्डों के करीब 50 हजार लोग पीने के पानी के लिए परेशानी झेल रहे हैं। कड़ाके की ठंड के बीच पानी की किल्लत ने लोगों की परेशानियों को और बढ़ा दिया है। इससे नाराज वार्ड सदस्य सोमवार सुबह ओवरहेड टैंक पर चढ़ गए और नगर पालिका प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया।
डिपॉजिट टास्क
सारपंजाब के मुक्तसर में दर्दनाक हादसा हुआ है। कार नहर में गिरने से उसमें सवार महिला और उसकी ढाई साल की बच्ची की पानी में डूबने से मौत हो गई। वहीं कार चालक ने किसी तरह खुद को बचा लिया।
ऐप ऑफर, विस्तारFollow Usपश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में 15 जनवरी से एक शक्तिशाली पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहा है, जिसका असर मध्यप्रदेश के मौसम पर भी साफ दिखाई देगा। मौसम विभाग का अनुमान है कि इस सिस्टम के प्रभाव से 2 से 3 दिन बाद प्रदेश के उत्तरी इलाकों में मावठा गिर सकता है। फिलहाल ग्वालियर, चंबल, रीवा और सागर संभाग में घना ठंडा मौसम बना हुआ है। मंगलवार सुबह प्रदेश के कई जिलों में कोहरे की चादर छाई रही। ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना और रीवा में मध्यम कोहरा दर्ज किया गया। राजधानी भोपाल और इंदौर समेत उज्जैन, खजुराहो, गुना, शिवपुरी, शाजापुर और सीहोर में भी कोहरे का असर देखा गया। हालांकि, अधिकतर इलाकों में दृश्यता 1 से 2 किलोमीटर तक बनी रही।







