Global
  • Global
  • Türkiye
  • Việt Nam
  • México
  • Perú
  • Colombia
  • Argentina
  • Brasil
  • India
  • ประเทศไทย
  • Indonesia
  • Malaysia
  • Philippines
  • 中國香港
  • 中國台灣
  • السعودية
  • مصر
  • پاکستان
  • Россия
  • 日本
Download

सर्वे

लाइक सर्वे

ट्रांसफर

4.9 Version: V5.3.6

अल्ट्रा कमेंट, Inc

छोटा पॉइंट्स

💢नया विन💢बनीखेत (चंबा)। बनीखेत-खैरी मुख्य मार्ग पर आपदा के समय हुए भूस्खलन के निशान आज भी साफ दिखाई दे रहे हैं, जो कि लोक निर्माण विभाग की उदासीनता को दर्शा रहे हैं। आपदा के दौरान आनन-फानन में मार्ग को अस्थायी रूप से सुचारु तो कर दिया गया, लेकिन भूस्खलन से प्रभावित कई स्थानों पर सड़क की हालत आज भी बदहाल बनी हुई है।

️कम्पलीट फ्री,न्यूज डेस्क, अमर उजाला, छतरपुरPublished by:छतरपुर ब्यूरोUpdated Mon, 29 Dec 2025 09:22 PM IST

कमाई डिपॉजिट, संवाद न्यूज एजेंसी, लंबी (मुक्तसर)Published by:अंकेश ठाकुरUpdated Mon, 12 Jan 2026 04:23 PM IST

संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुरUpdated Sun, 11 Jan 2026 11:21 PM IST

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, छतरपुरPublished by:छतरपुर ब्यूरोUpdated Fri, 02 Jan 2026 09:04 AM IST

पीडीडीयू नगर। चंदौली में ठंड से जूझ रहे लोगों को लगातार दूसरे दिन शनिवार को मौसम ने बड़ी राहत दी। दिनभर खिली धूप के चलते जनजीवन सामान्य नजर आया। अधिकतम 4 डिग्री और न्यूनतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस बढ़ा। सुबह आठ से लेकर शाम पांच बजे तक धूप रहने से जहां सर्द हवाओं का असर कम हुआ, वहीं लोगों को गलन भरी ठंड से राहत मिली। वहीं लोगों ने खुले में धूप सेंक कर आनंद लिया।

ऑफर, चंडीगढ़। सांस के गंभीर मरीजों के इलाज में आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए पीजीआई ने स्वदेशी हाई-फ्लो नेजल कैनुला सिस्टम ट्रूऑक्सी प्लस के लिए क्लैरिटी मेडिकल प्राइवेट लिमिटेड, मोहाली के साथ ट्रांसफर ऑफ टेक्नोलॉजी (टीओटी) समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। यह अत्याधुनिक मेडिकल डिवाइस पूरी तरह देश में विकसित की गई है और गंभीर रूप से बीमार मरीजों के लिए किफायती, सुरक्षित और उच्च गुणवत्ता वाला विकल्प उपलब्ध कराएगी।

ट्रांसफर विज़िट भाजपा कार्यालय पर आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान बोलती जिले की प्रभारी मंत्री। संवाद- फोटो : reasi news

वाराणसी ब्यूरोUpdated Sat, 10 Jan 2026 10:31 PM IST

फ्री कूपन, विस्तारFollow Usउत्तराखंड में इस साल कम बर्फबारी और बारिश ने राज्य की आर्थिकी पर गहरी चोट की है। इससे न सिर्फ पहाड़ों में पर्यटन कारोबार प्रभावित हुआ है बल्कि फसलों पर भी मार पड़ी है। यही नहीं बारिश और बर्फबारी न होने से जंगल में आग की घटनाएं भी बढ़ी हैं। स्थिति यह है कि 12,000 फीट की ऊंचाई पर स्थित तुंगनाथ में आमतौर पर दिसंबर में बर्फ की चादर जम जाती थी, लेकिन इस वर्ष जनवरी के करीब मध्य तक क्षेत्र पूरी तरह बर्फ विहीन बना हुआ है। यहां पर पहली बार ऐसी स्थिति देखी जा रही है। इससे विशेषज्ञ भी पौधों के प्राकृतिक जीवन चक्र प्रभावित होने की आंशका जता रहे हैं। राहत की बात है कि जनवरी के दूसरे सप्ताह के बाद से बारिश और बर्फबारी की संभावना जताई जा रही है।

More Similar Apps

See All