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💢वीआईपी इनाम💢राम मंदिर में जांच करती डाग स्क्वायड टीम।- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
️गेट रिसीव,न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बांदाPublished by:शिखा पांडेयUpdated Fri, 09 Jan 2026 10:14 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बालोतराPublished by:हिमांशु प्रियदर्शीUpdated Mon, 22 Dec 2025 11:20 PM IST
कैश, MaharashtraDonald Trumpविक्रमादित्य सिंह की फेसबुक पर टिप्पणीसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालRCB vs UPIranकौन है अरिहा शाह?बीवी ने मरवा डाला पतिCivic Pollsयूपी
अलीगढ़ के देहली गेट घुड़ियाबाग में 11 जनवरी दोपहर भाजपा नेता व युवती के बीच मारपीट हो गई। इसके बाद जब दोनों पक्ष थाने पहुंचे तो वहां भाजपा नेता को कुर्सी पर बिठाने पर वह बिफर गई। हंगामा करते हुए युवती की मां ने जूता तक उठा लिया। इसका वीडियो वायरल हो रहा है। पुलिस ने दोनों को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा है।
सारशहर के भगवानगंज इलाके में लुटेरी दुल्हन शादी के कुछ ही दिनों बाद ससुराल से जेवरात लेकर फरार हो गई। पीड़ित पति जब अपनी दुल्हन को लेने ससुराल पहुंचा तो वहां उसे झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई।
राम मंदिर में नमाज पढ़ने की कोशिश- फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
साइन अप वेरिफाई, न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बाड़मेरPublished by:हिमांशु प्रियदर्शीUpdated Sat, 03 Jan 2026 07:01 PM IST
बोनस सोशल मीडिया पर की गई टिप्पणी एक शिक्षक को भारी पड़ गई। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को लेकर फेसबुक पर टिप्पणी करने के आरोप में बालाघाट जिले के एक उच्च श्रेणी शिक्षक को निलंबित कर दिया गया है। कलेक्टर मृणाल मीणा के निर्देश पर यह कार्रवाई आदिवासी विकास विभाग की सहायक आयुक्त शकुंतला डामोर द्वारा की गई। खास बात यह है कि सुनील मेश्राम राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित शिक्षक हैं। ऐसे में निलंबन की कार्रवाई को लेकर शिक्षा विभाग और जिले में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है।
-पटरी के बनने से वाहन चालकों को आवागमन में मिलेगी सुविधा
कलेक्ट इंस्टेंट, विस्तारFollow Usअमरकंटक के जंगलों में साल के पेड़ गंभीर साल बोरर कीट से ग्रसित पाए गए हैं। साल बोरर कीट एक विनाशकारी कीट है, जो मुख्य रूप से साल के पेड़ों को नुकसान पहुंचाता है, उन्हें खोखला कर देता है। यह कीट साल के पेड़ों के लिए सबसे खतरनाक कीटों में से एक है और यह खड़े पेड़ और ताजी कटी हुई लकड़ी दोनों को प्रभावित करता है। बीते कई महीनों से अमरकंटक के जंगलों में साल बोरर कीड़े का प्रकोप फैला हुआ है। जिसके कारण अमरकंटक के जंगल में स्थित 10 हजार से अधिक साल के पेड़ इससे क्षतिग्रस्त हो चुके हैं।







