लाइक वीडियो
साप्ताहिक मोबाइल
ऑफर ऑफर, Inc
मोबाइल कमाई
💢सिल्वर इंस्टेंट💢बैतूल जिले की जिला जेल में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई। यहां सात साल की सजा काट रहे कैदी प्रकाश बाबूराव सतपुते की रिहाई तय होने से ठीक पहले अचानक मौत हो गई। प्रकाश मूल रूप से मुलताई क्षेत्र के घाट-अमरावती का निवासी था और वर्ष 2022 में धारा 304(बी) के तहत सात वर्ष की सजा के लिए जेल भेजा गया था।
️मोबाइल लाइक,सारलुधियाना में सीएम सैनी ने आप सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा पंजाब सरकार ने चार साल निकाल दिए, लेकिन धरातल पर कोई ठोस काम नजर नहीं आता।
अतिरिक्त कलेक्ट, राजकीय उच्च पाठशाला चुवाड़ी में बच्चों को पढ़ाती अध्यापिका। स्रोत: डीपीआरओ
चरखी दादरी। पहले मनरेगा योजना में काफी भ्रष्टाचार होता था। जिसकी शिकायतें लगातार मिलती थीं। नई व्यवस्था लागू होने से जहां भ्रष्टाचार पर पूरी तरह से अंकुश लगेगा। वहीं वीबी-जी-राम-जी योजना वर्ष 2047 तक भारत को विकसित देश बनाने में महत्वपूर्ण साबित होगी। यह बात भिवानी-महेंद्रगढ़ क्षेत्र से लोकसभा सांसद धर्मबीर सिंह ने शनिवार को दादरी में विधायक सुनील सांगवान के निवास स्थान पर पत्रकारों से बात करते हुए कही। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य योजना से महात्मा गांधी का नाम हटाना नहीं, बल्कि योजना को और अधिक प्रभावी बनाना है। कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान इस योजना के कई बार नाम बदले गए हैं।
1954 से 2024 तक- 27 बार देश के तत्कालीन राष्ट्रपति ने देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'भारत रत्न' से किसी-न-किसी को नवाजा। ज्यादातर बार सूची में एक नाम रहे। कुछ बार दो या अधिक नाम। 'भारत रत्न' सम्मान इस साल दिए जाएंगे, इसकी गारंटी नहीं। लेकिन, इसपर चर्चा खूब चल निकली है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुराने मित्र और लंबे समय तक उनकी पार्टी के राष्ट्रीय चेहरा रहे केसी त्यागी ने उनके लिए 'भारत रत्न' की मांग दिल्ली में की, हंगामा बिहार में मचा। हंगामे को बढ़ाया तेज प्रताप यादव ने अपने पिता लालू प्रसाद यादव के लिए भी इसी सम्मान की मांग कर। तो, क्या आगे जब भी 'भारत रत्न' का एलान होगा तो किसी बिहारी का नाम होगा? सवाल इसलिए भी, क्योंकि 2024 में 'भारत रत्न' के एलान ने बिहार की राजनीति सीधे पलट दी थी।
कमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
गेम,
सर्वे ट्रांसफर वाराणसी ब्यूरोUpdated Sun, 11 Jan 2026 01:28 AM IST
विस्तारFollow Usबिहार में गृह विभाग के मंत्री और पुलिस मुख्यालय के सख्त निर्देशों के बावजूद अपराधियों के हौसले बुलंद नजर आ रहे हैं। भागलपुर जिले के घोघा थाना क्षेत्र अंतर्गत पन्नूचक इलाके में मंगलवार को दिनदहाड़े रंगदारी मांगने पहुंचे कुख्यात अपराधी को उसके ही हथियार से चार गोलियां लग गईं। गंभीर रूप से घायल अपराधी को पहले मायागंज अस्पताल ले जाया गया, जहां से हालत नाजुक होने पर उसे पटना रेफर कर दिया गया। घटना मंगलवार सुबह करीब 10:30 बजे की है। वारदात के बाद इलाके में दहशत का माहौल है और स्थानीय लोग पुलिस प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठा रहे हैं।
शेयर कमेंट, घटना 27 अप्रैल 2024 की है, जब भागलपुर जिले के जोगसर थाना क्षेत्र अंतर्गत आदमपुर स्थित जहाजघाट के दिव्य धाम अपार्टमेंट से भोजपुरी अभिनेत्री अमृता पाण्डेय का शव बरामद किया गया था। उस समय परिजनों ने दावा किया था कि अमृता ने फंदे से झूलकर आत्महत्या कर ली। मौत के बाद पोस्टमार्टम रिपोर्ट में तब गले पर दबाव के गहरे निशान मिले थे, और परिजन आत्महत्या की कहानी बुन रहे थे। उस समय परिजनों ने दावा किया था कि अमृता ने फिल्मों में काम नहीं मिलने के कारण डिप्रेशन में थी और इसी वजह से उसने फंदे से झूलकर आत्महत्या कर ली। इधर पुलिस जांच पड़ताल कर ही रही थी। इसी दौरान पुलिस को मृतका के मोबाइल का व्हाट्सअप स्टेटस (सुबह करीब 10.16 मिनट पर लगा हुआ) हाथ लगा, जिसे देखकर पुलिस ने अपनी जांच की दिशा ही बदल दी। व्हाट्सअप स्टेटस पर उसने लिखा था – “दो नावों पर सवार थी मेरी जिंदगी, हमने अपनी नौका डुबोकर उसकी राह आसान कर दी।” पुलिस ने फिर से अनुसंधान शुरू किया, जिसमें उसके पति, बहन व अन्य करीबी परिजन पुलिस की जांच के दायरे में आए थे। लेकिन आश्चर्य अब तक मामले का अनुसंधान पूरा नहीं हो पाया। हत्या किसने और क्यों की यह रहस्य अब तक रहस्य ही रह गया।







