कूपन
स्टूडेंट
सिल्वर ईज़ी, Inc
नया विन
💢मेगा रिसीव💢फोटो-22-कुदरकोट में शिकायतें सुनते डीएम व एसपी।संवाद
️नया गेट,
प्रीमियम कमाई,
बलरामपुर के झारखंडी रेलवे क्रासिंग पर लगी जाम में फंसे लोग ।-संवाद
मध्यप्रदेश इन दिनों भीषण ठंड और घने कोहरे की गिरफ्त में है। प्रदेश के ज्यादातर जिलों में सुबह होते ही कोहरे की मोटी परत छा जा रही है, जिससे विजिबिलिटी बेहद कम हो गई है। कई जगहों पर 20 मीटर दूर तक देख पाना भी मुश्किल हो रहा है। कोहरे के साथ चल रही शीतलहर ने आम जनजीवन की रफ्तार थाम दी है।ठंड का असर तापमान में साफ नजर आ रहा है। शहडोल जिले के कल्याणपुर में न्यूनतम तापमान 3.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि दतिया में पारा 4.4 डिग्री तक पहुंच गया। राजगढ़ और खजुराहो में 5.4 डिग्री, मुरैना और मलाजखंड में 5.5 डिग्री, उमरिया में 5.7 डिग्री और मंडला व पचमढ़ी में 5.8 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। पहाड़ी और वन क्षेत्रों में सर्द हवाओं के कारण ठंड का असर और ज्यादा महसूस किया जा रहा है। राजधानी भोपाल समेत बड़े शहर भी ठिठुरते रहे। भोपाल में न्यूनतम तापमान 6.8 डिग्री, ग्वालियर में 6.4 डिग्री, इंदौर में 8.6 डिग्री, उज्जैन में 9.5 डिग्री और जबलपुर में 9 डिग्री दर्ज किया गया।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बांसवाड़ाPublished by:बांसवाड़ा ब्यूरोUpdated Sat, 22 Nov 2025 05:01 PM IST
ऑनलाइन डिपॉजिट, कमेंटX😊अति सुंदर😎बहुत खूब👌अति उत्तम भाव👍बहुत बढ़िया..🤩लाजवाब🤩बेहतरीन🙌क्या खूब कहा😔बहुत मार्मिक😀वाह! वाह! क्या बात है!🤗शानदार👌गजब🙏छा गये आप👏तालियां✌शाबाश😍जबरदस्त
ईज़ी शेयर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बांदाPublished by:शिखा पांडेयUpdated Mon, 12 Jan 2026 06:39 PM IST
बांदा। सदर क्षेत्र से भाजपा विधायक प्रकाश द्विवेदी और उनकी पत्नी व पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष सरिता द्विवेदी के खिलाफ पत्नी के फर्जी हस्ताक्षर का मामला अब एमपी-एमएलए कोर्ट पहुंच गया है। सीजेएम कोर्ट द्वारा साक्ष्य के अभाव में खारिज किए गए इस मामले को जिला न्यायालय ने स्वीकार कर लिया है। मामले की पहली सुनवाई पांच फरवरी को निर्धारित की गई है।
सुपर कूपन, बिछिया। भारत-नेपाल सीमा से सटे गांव बर्दिया में थारू जनजाति जागरूकता समिति की ओर से शनिवार को माघी महोत्सव का आयोजन धूमधाम से किया गया। बर्दिया खेल मैदान में तहसीलदार पयागपुर अंबिका चौधरी ने फीता काटकर कार्यक्रम का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि माघी महोत्सव थारू समाज की संस्कृति, परंपरा और एकता का प्रतीक है। ऐसे आयोजन समाज को जोड़ने के साथ नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ते हैं।







