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सारJharkhand:मृतका के पिता ने मकान मालिक पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उनकी बेटी, दामाद और बच्चे की हत्या की गई है। उनका आरोप है कि परिवार ने मकान मालिक से करीब दो लाख रुपये का कर्ज लिया था और पैसे के लिए लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था।
स्टूडेंट विथड्रॉ, सारMunger Crime: मुंगेर के जमालपुर में हत्या और गोलीबारी के दो मामलों में चार साल से फरार चंदन यादव के खिलाफ पुलिस ने कुर्की-जब्ती की कार्रवाई की। एसपी के निर्देश पर घर की संपत्ति जब्त की गई, जबकि आरोपी अब भी फरार है।
चंबा। वन मंडल चंबा में कशमल की जड़ों के दोहन को लेकर स्थानीय लोग व ठेकेदार आमने सामने हो गए हैं। अब तक ठेकेदार लोगों को दस रुपये प्रति किलो की दर से कशमल जड़ों का दाम दे रहे थे जबकि दवा कंपनियों को ऊंचे दामों पर बेच रहे थे। इसकी भनक लगते ही स्थानीय लोग दाम बढ़ाने की मांग पर अड़ गए हैं। अब वे दस रुपये की जबह 18 रुपये प्रति किलो दाम देने की मांग कर रहे हैं। यह दाम चुकाने के लिए ठेकेदार तैयार नहीं हाे रहे हैं। इसके चलते कशमल दोहन क्षेत्र में थम गया है। हालांकि, कुछ इलाकों में लोग इसके दोहन का विरोध भी कर रहे हैं। कुछ मात्रा में उन्होंने उखाड़ी गई कशमल को जलाया भी है। फिलहाल क्षेत्र के लोग अब दाम बढ़ाने की मांग पर अड़े हैं। ऐसे में यह मामला अब लोगों व ठेकेदार के बीच में फंस गया है। विभाग चाहकर भी इसमें कोई हस्तक्षेप नहीं कर सकता। विभाग के कर्मचारी सही तरीके से कशमल दोहन पर निगरानी रख सकते हैं। ये जड़ें स्थानीय लोग किस दाम पर बेच रहे हैं और ठेकेदार आगे किस दाम पर बेच रहा है, इसमें उनका कोई लेना-देना नहीं है।
नौगढ़, चंदौली। जंगल की सुरक्षा का जिम्मा संभालने वाले नौगढ़ रेंज के चार वाचर ईश्वरी (42), शांता (43), रामवृक्ष (44) और ओमप्रकाश (45) ने ही 40 बीघे जमीन पर अवैध कब्जा कर लिया। मामले का खुलासा होने के बाद वन विभाग के अधिकारियों की तहरीर पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
चंडीगढ़। जजपा ने शनिवार को 32 नए पदाधिकारी नियुक्त किए हैं। इनमें प्रदेश कार्यकारिणी में विद्यासागर, दलजीत सिंह, दिनेश शर्मा, प्रदीप गोयल और जेपी दूहन को सदस्य बनाया गया है।
डिपॉजिट बोनस, अब सरकारी अधिकारी व कर्मचारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों पर जांच एजेंसी सीधे कार्रवाई नहीं कर सकेगी। पहले उच्च अधिकारी से स्वीकृति जरूरी होगी। मगर रंगे हाथ पैसे लेने वाले वाले मामलों में पहले की तरह कार्रवाई जारी रहेगी। हरियाणा सरकार ने अधिकारियों व कर्मचारियों से संबंधित भ्रष्टाचार के मामलों में जांच के लिए नई मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) लागू की है। इसके तहत भ्रष्टाचार की शिकायत मिलने पर अब सरकारी अधिकारी व कर्मचारी के खिलाफ जांच या पूछताछ से पहले सक्षम प्राधिकारी की मंजूरी लेना अनिवार्य कर दिया गया है। हालांकि यह फैसला उन मामलों में लागू नहीं होगा, जहां अधिकारी व कर्मचारी रंगे हाथ पकड़े जाएंगे।
इनवाइट वेरिफाई न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भरतपुरPublished by:अर्पित याज्ञनिकUpdated Fri, 21 Nov 2025 08:36 PM IST
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ऐप इनाम, चंडीगढ़ ब्यूरोUpdated Tue, 13 Jan 2026 02:56 AM IST







