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💢अल्ट्रा विज़िट💢विस्तारFollow Usपश्चिमी राजस्थान की राजनीति एक बार फिर जिला सीमाओं के सवाल पर उबाल पर है। बाड़मेर और बालोतरा जिलों की सीमाओं में किए गए ताजा फेरबदल ने न सिर्फ प्रशासनिक ढांचे को झकझोर दिया है, बल्कि प्रदेश की राजनीति को भी आमने-सामने ला खड़ा किया है। कांग्रेस इस फैसले को जनविरोधी और राजनीतिक बदले की कार्रवाई बता रही है, जबकि भाजपा इसे संतुलित प्रशासन और विकास की दिशा में जरूरी कदम करार दे रही है।
️ट्रांसफर क्लिक,जिले में अलग-अलग स्थानों पर हुए दो सड़क हादसों में बीएससी की परीक्षा देने जा रहे छात्र और एक अन्य युवक की मौत हो गई, जबकि चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद दोनों घरों में मातम छा गया।
बांदा। इंदौर में दूषित पानी के सेवन से मौतों के बाद भी जिम्मेदार चेत नहीं रहे हैं। शहर में 56 हजार परिवारों को शुद्ध पीने का पानी मुहैया कराने के दावे जमीनी सच्चाई के सामने तालमेल नहीं खा रहे। केन नदी व नलकूपों से पानी स्टोर करने के लिए बनी पानी की टंकियां सालों से साफ नहीं हुई। हालांकि किसी टंकी में मई तो किसी में अप्रैल महीने में सफाई का उल्लेख किया गया है।
वॉच रिवॉर्ड्स, सारअलीगढ़ शहर में 13 जनवरी को कई कार्यक्रमों का आयोजन होना है, जिसमें प्रमुख कार्यक्रम इस प्रकार हैं...
सारBanswara News: बांसवाड़ा में बढ़ती सर्दी के बीच बेघर और जरूरतमंद लोग खुले आसमान तले रात बिताने को मजबूर हैं। जिला प्रशासन और नगर परिषद के दावों के बावजूद रैनबसेरों में व्यवस्था नदारद है।
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विज़िट गेट शहर के कंपनीबाग स्थित पार्क में शनिवार को निकली धूप में खेलते बच्चे।
मुरादाबाद ब्यूरोUpdated Tue, 13 Jan 2026 12:22 AM IST
सिल्वर डिपॉजिट, सारपीसीसी सचिव ने अरावली पर्वतमाला की परिभाषा में किए गए हालिया बदलाव पर कड़ी आपत्ति जताते हुए इसे पर्यावरण संतुलन के लिए गंभीर खतरा बताया है। गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में 100 मीटर से कम ऊंचाई वाले क्षेत्रों में खनन की अनुमति दी है। ऐसे में 100 मीटर से नीचे के भूभाग को अब अरावली पहाड़ी नहीं माना जाएगा।







