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️मेगा विथड्रॉ,गाजियाबाद ब्यूरोUpdated Sun, 11 Jan 2026 10:34 PM IST
रिवॉर्ड्स रिवॉर्ड्स, विस्तारFollow Usआज मंगलवार को प्रदेश के प्रसिद्ध प्रवासी पक्षी आश्रय स्थल गिधवा-परसदा क्षेत्र में वन मंत्री केदार कश्यप ने बर्ड इंटरप्रिटेशन सेंटर का लोकार्पण व बर्ड सफारी का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में हजारों ग्रामीणों, जनप्रतिनिधि और पर्यावरण प्रेमियों की उपस्थिति ने इस ऐतिहासिक क्षण को विशेष बना दिया। मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि गिधवा-परसदा पक्षियों के संवर्धन, संरक्षण और पर्यटन के क्षेत्र में देश में नया कीर्तिमान स्थापित करेगा। यह क्षेत्र अंतर्राष्ट्रीय मानचित्र पर छत्तीसगढ़ का गौरव बढ़ाएगा। इस क्षेत्र में 270 से अधिक प्रजातियों के विदेशी व स्वदेशी पक्षी नियमित रूप से प्रवास करते हैं और स्थानीय जैव विविधता को समृद्ध बनाते हैं।
सारछत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले में एक दिन पहले यानि 15 नवंबर शनिवार से धान खरीदी शुरू हो गई है। पहले दिन कर्मचारियों के हड़ताल के कारण कई केन्द्र में धान खरीदी नहीं हो सकी है। ऐसे में अब जिला प्रशासन जिले में एस्मा लागू कर दिया है।
ज्ञानपुर। सरपतहां स्थित सौ शय्या अस्पताल की डायलिसिस यूनिट में मशीन खराब होने से 14 किडनी के मरीज दर्द से कराह रहे हैं। यूनिट में एक मशीन 45 दिन से खराब है। जिम्मेदार अनभिज्ञ बने हैं।
कम्पलीट, सारराजस्थान में कड़ाके की सर्दी जारी है। जयपुर मौसम केंद्र ने प्रदेश के 5 जिलों में शीतलहर और 9 में घने कोहरे का अलर्ट जारी किया है। माउंट आबू में दूसरे दिन तापमान शून्य डिग्री दर्ज हुआ है।
फ्री सारराष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर भोपाल में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने युवाओं को योग, पुस्तक पढ़ने और नशे से दूर रहने का संदेश दिया। उन्होंने स्वामी विवेकानंद के विचारों को आत्मसात कर राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया।
कौन है अरिहा शाह?अंबरनाथ नगर परिषदयूनियन बजट 2026-27भोपाल के रहमान डकैत की पूरी कहानीखुदरा महंगाई दर में उछालJagdeep DhankharShikhar Dhawan Engagement'मैं मुंबई आऊंगा, हिम्मत है तो मेरे पैर...'महारानी कामसुंदरी देवी को भतीजे ने दी मुखाग्निडिलीवरी बॉय बने राघव चड्ढा
विशेष कमेंट, भिवानी। शहर का दायरा और आबादी बढ़ने के साथ ही जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के सीवरेज ट्रिटमेंट प्लांटों पर दूषित पानी की निकासी का दबाव बढ़ गया है। इतना ही नहीं औद्योगिक सेक्टर 21 और 26 के लिए 18 करोड़ रुपये से बने कॉमन एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट भी पर्यावरण एनओसी नहीं मिलने के कारण करीब दो साल से खामोश पड़ा है। बिना ट्रिटमेंट के दूषित पानी भिवानी-घग्गर ड्रेन में छोड़ा जा रहा है जिससे किसान सिंचाई से भी तौबा कर रहे हैं।







