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विशेष रिसीव
💢छोटा रिसीव💢चरखी दादरी। शहरवासियों को शुद्ध व पर्याप्त पेयजल आपूर्ति करने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग की ओर से शुरू की गई 110 करोड़ रुपये की परियोजना का कार्य अंतिम चरण में चल रहा हैं। कार्य पूरा होने के बाद स्थानीय लोगों को साढ़े 6 एमएलडी अतिरिक्त पानी सप्लाई हो सकेगा। जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल केवल घिकाड़ा जलघर का 30 प्रतिशत कार्य बकाया है जिसे मार्च के मध्य तक पूरा होने की संभावना है। योजना अनुसार तीनों जलघरों का पुनर्निर्माण कार्य पूरा हो सकेगा। इसके बाद शहर में पेयजल सप्लाई का स्थायी समाधान हो सकेगा।
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मोबाइल कमेंट, सारमुंगेली जिले के लोरमी ब्लॉक में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां दो बुजुर्ग महिलाओं को सरकारी रिकॉर्ड में मृत घोषित कर दिया गया है। इस त्रुटि के कारण उनका नाम राशन कार्ड से हटा दिया गया है, जिससे वे राशन प्राप्त करने से वंचित हैं।
सारछतरपुर जिले में अप्रैल से नवंबर 2025 तक 16,912 डिलीवरी में 402 नवजात बच्चों की मृत्यु हुई। सबसे अधिक मौतें छतरपुर ब्लॉक में हुईं। सीएमएचओ ने बताया कि हाई-रिस्क श्रेणी के बच्चों की पहचान और समय पर उपचार के जरिए नवजात मृत्यु दर को कम करने के प्रयास जारी हैं।
घटना 27 अप्रैल 2024 की है, जब भागलपुर जिले के जोगसर थाना क्षेत्र अंतर्गत आदमपुर स्थित जहाजघाट के दिव्य धाम अपार्टमेंट से भोजपुरी अभिनेत्री अमृता पाण्डेय का शव बरामद किया गया था। उस समय परिजनों ने दावा किया था कि अमृता ने फंदे से झूलकर आत्महत्या कर ली। मौत के बाद पोस्टमार्टम रिपोर्ट में तब गले पर दबाव के गहरे निशान मिले थे, और परिजन आत्महत्या की कहानी बुन रहे थे। उस समय परिजनों ने दावा किया था कि अमृता ने फिल्मों में काम नहीं मिलने के कारण डिप्रेशन में थी और इसी वजह से उसने फंदे से झूलकर आत्महत्या कर ली। इधर पुलिस जांच पड़ताल कर ही रही थी। इसी दौरान पुलिस को मृतका के मोबाइल का व्हाट्सअप स्टेटस (सुबह करीब 10.16 मिनट पर लगा हुआ) हाथ लगा, जिसे देखकर पुलिस ने अपनी जांच की दिशा ही बदल दी। व्हाट्सअप स्टेटस पर उसने लिखा था – “दो नावों पर सवार थी मेरी जिंदगी, हमने अपनी नौका डुबोकर उसकी राह आसान कर दी।” पुलिस ने फिर से अनुसंधान शुरू किया, जिसमें उसके पति, बहन व अन्य करीबी परिजन पुलिस की जांच के दायरे में आए थे। लेकिन आश्चर्य अब तक मामले का अनुसंधान पूरा नहीं हो पाया। हत्या किसने और क्यों की यह रहस्य अब तक रहस्य ही रह गया।
ऑफर डिपॉजिट, पांगी (चंबा)। पांगी निवासियों के लिए शनिवार का दिन नई उम्मीदों की किरण लेकर आया। शिमला से सीमा सड़क संगठन के चीफ इंजीनियर राजीव कुमार जब मुख्यालय किलाड़ पहुंचे तो माहौल देखने लायक था। स्थानीय लोगों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया और पारंपरिक पंगवाली टोपी व शॉल पहनाकर उन्हें सम्मानित किया। इस दौरान पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष भानी चंद ठाकुर की अगुवाई में एक प्रतिनिधिमंडल ने उनसे मुलाकात की। लोगों ने अपनी परेशानी बताते हुए मांग रखी कि ग्रीफ कैंप से लेकर महालू नाला तक की सड़क को जल्द से जल्द पक्का किया जाए ताकि रोज-रोज की धूल और गड्ढों से मुक्ति मिल सके। अधिकारियों के साथ हुई बैठक में पांगी वासियों को एक बड़ा आश्वासन मिला है। चीफ इंजीनियर ने वादा किया है कि पुर्थी से किलाड़ तक तारकोल बिछाने का काम अब युद्धस्तर पर शुरू किया जाएगा। पुर्थी से रेंई तक काम शुरू भी हो चुका है और बहुत जल्द किलाड़ और पुर्थी के बीच कई हिस्सों में एक साथ मशीनें दिखाई देंगी। इस पूरे रास्ते को चकाचक करने की जिम्मेदारी 108 आरसीसी कंपनी को सौंपी गई है। इस मौके पर आवासीय आयुक्त पांगी अमनदीप, बीडीओ योगेश और वन मंडल अधिकारी रवि गुलेरिया भी मौजूद रहे।
क्लिक साइन अप भोजपुरी अभिनेत्री अमृता पाण्डेय और नीरज हत्याकांड- फोटो : अमर उजाला
रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व में पिछले एक महीने से चल रही इंतजार की घड़ियां रविवार को समाप्त होने को हैं। मध्यप्रदेश के पेंच टाइगर रिजर्व से ट्रांसलोकेट की गई बाघिन पीएन 224 आज रात तक बूंदी पहुंच सकती है। हवाई मार्ग से इंटर-स्टेट टाइगर ट्रांसलोकेशन का राजस्थान में यह पहला मामला है। इस ट्रांसलोकेशन में भारतीय वायुसेना के हेलीकॉप्टर की मदद ली गई है और मामले को देखते हुए बूंदी रामगढ़ टाइगर रिजर्व से जुड़े तमाम अधिकारियों और कर्मचारियों को अलर्ट पर रखा गया है।
मोबाइल गेम, चहनिया। भुपौली पंप कैनाल से नहर में पानी छोड़े जाने से किसानों की फसल को नुकसान पहुंचा है। किसानों ने बताया कि नवंबर में भारी बारिश के चलते अभी खेतों में पर्याप्त नमी है। इस कारण गेहूं की बुआई दिसंबर के अंतिम सप्ताह व जनवरी के प्रथम सप्ताह में की गई। ऐसे में नहर में पानी छोड़े जाने के कारण किसानों का भारी नुकसान हो रहा है। लगभग 2 प्रतिशत किसान अपनी फसलों को भरने के लिए टेल पर पानी ले जाना चाहते हैं और कुलावे को खुला छोड़ दे रहे हैं। जिससे अन्य किसानों की फसलें डूब जा रही हैं, जिससे आए विवाद हो रहा







