कूपन
नया क्लिक
ऑफर कमाई, Inc
पैसे सब्सक्राइब
💢बोनस💢बस्ती। सदर कोतवाली क्षेत्र में जमीन की खरीद–फरोख्त के नाम पर धोखाधड़ी और जालसाजी का मामला सामने आया है। इस मामले में पुलिस ने कप्तानगंज थाना क्षेत्र के भोपलपुर निवासी सुशील कुमार वर्मा, मदनपुरा निवासी अजय कुमार व नगर थाना क्षेत्र के खड़ौआ निवासी बाबूराम पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
️वीआईपी कम्पलीट,Donald TrumpIranCivic Pollsसोना-चांदी में ऐतिहासिक उछालविक्रमादित्य सिंह की फेसबुक पर टिप्पणीT20 WCRCB vs UPकौन है अरिहा शाह?बीवी ने मरवा डाला पतिWest Bengal
बालोद जिले के राष्ट्रीय राजमार्ग 930 पर झलमला तिराहे में आज कांग्रेस पार्टी ने चक्काजाम किया। इस दौरान बालोद से दुर्ग, भिलाई, रायपुर और धमतरी की ओर जाने वाला हाईवे घंटों तक जाम रहा। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि प्रशासन किसानों को अन्नदाता कहने के बजाय उन्हें चोर बता रहा है और उनके घरों में लगातार छापेमारी की जा रही है।
रिसीव कमेंट,
सारSaharanpur News: जिले में पांच बार डाक के माध्यम से पत्र भेजकर धमकी दी जा चुकी है। सहारनपुर के अलावा अंबाला, पानीपत, सोनीपत, चंडीगढ़, भिवानी, मेरठ और गाजियाबाद स्टेशनों पर भी धमाका करने की चेतावनी दी गई।
संवाद न्यूज एजेंसी, अंबालाUpdated Tue, 13 Jan 2026 12:44 AM IST
चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी को क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग-2026 में दुनिया की शीर्ष 2% विश्वविद्यालयों- फोटो : अमर उजाला
फ्री कम्पलीट, सारपशुपालन विभाग में रिक्त एलएसआई पदों को लंबित एलएसआई भर्ती-2024 की काउंसलिंग में दर्शाने की मांग करते हुए शिव विधायक रविंद्र भाटी ने विभागीय सचिव को एक पत्र भेजा है। उन्होंने कहा कि स्थानीय अधिकारियों द्वारा इन पदों को काउंसलिंग में शामिल न करना विभागीय प्रक्रिया का उल्लंघन है।
मेगा पॉइंट्स
ऑटो में घूम-घूमकर सूने मकानों पर चोरी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश करते हुए बालोद पुलिस ने चार चोरों को गिरफ्तार कर लिया। उनके कब्जे से सोने-चांदी के जेवरात सहित 3 लाख रुपये कीमत का माल, चोरी का ऑटो, कटर और तीन बाइक बरामद की गई।
वीडियो, सारबालाघाट में नक्सलवाद को बड़ी सफलता मिली है। जिले के अंतिम दो हार्डकोर माओवादी दीपक उर्फ मंगल उइके और रोहित ने सीआरपीएफ कैंप में आत्मसमर्पण कर दिया। दोनों पर कुल 43 लाख का इनाम था। लगातार सर्चिंग, ड्रोन सर्विलांस और सप्लाई लाइन तोड़ने से नेटवर्क कमजोर हुआ और अब बालाघाट पूरी तरह माओवादी मुक्त हो गया है।







